उरी हमले को लेकर रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर पहली बार खुलकर बोले और उन्होंने सुरक्षा में चूक भी स्वीकार की. उन्होंने कहा कि उरी में हुई गलतियों की जांच कराई जाएगी. उरी हमले के बाद बयानबाजी को लेकर पर्रिकर ने कहा कि पाकिस्तान खाली बर्तन की तरह शोर कर रहा है, लेकिन इस बार बेवजह की बयानबाजी बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
पाकिस्तान के उच्चायुक्त समन
इस बीच भारत में पाकिस्तान के उच्चायुक्त अब्दुल बासित को विदेश मंत्रालय ने समन किया है. विदेश सचिव एस जयशंकर ने बासित को समन किया. माना जा रहा है कि उरी हमले को लेकर भारत पाकिस्तान से सीधे शब्दों में बात की गई. भारत इस हमले में पाकिस्तान की संलिप्तता के सबूत पाकिस्तान को सौंपने की तैयारी में है.
Foreign Secretary S Jaishankar summons Pakistan High Commissioner Basit: MEA
— ANI (@ANI_news)
आतंकवाद पर वादे पूरे करे पाक
विदेश मंत्रालय ने अब्दुल बासित को बुलाकर साफ तौर पर कह दिया है कि पाकिस्तान को अपनी धरती को आतंकी तत्वों का पनाहगार बनने से रोकना होगा. पाकिस्तान को कहा गया है कि उरी हमले के सबूत उसे सौंपने को भारत तैयार है अगर वह जांच कराने को वाकई गंभीर है तो. भारत ने पाकिस्तान को दो टूक कहा है कि आतंकवाद को प्रश्रय देना बंद करे. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने कहा कि भारत पाकिस्तान को हमले में पाकिस्तानी संलिप्तता के सबूत सौंपने को तैयार है बशर्ते वह जांच को लेकर गंभीर हो.
We demand that Pakistan lives up to its public commitment of not allowing terror against India: Vikas Swarup,MEA on Pakistan envoy summoned
— ANI (@ANI_news)
पाकिस्तान को दिया जाएगा जवाब
को जवाब देने के सवाल पर रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने कहा, 'पाकिस्तान को जवाब कब और कैसे देना है, ये प्रधानमंत्री तय करेंगे. प्रधानमंत्री ने कहा था कि उरी हमले के पीछे जो भी लोग हैं,
उन्हें छोड़ा नहीं जाएगा. इसे सिर्फ बयान न समझा जाए. पीएम ने कहा है तो जरूर कुछ होगा.'
'गलतियां बार-बार न दोहराई जाएं'
उरी में को लेकर पर्रिकर ने कहा कि कुछ जरूर गलत हुआ होगा. ये संवेदनशील मामला है. एक देश के तौर पर हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि ये गलतियां बार-बार न दोहराई जाएं और इसके लिए मैं जरूर कदम उठाऊंगा.