पश्चिम बंगाल राज्य का नाम जल्द ही बदल सकता है. राज्य कैबिनेट ने सोमवार को इसके लिए सहमति दे दी है. प्रदेश की सीएम ममता बनर्जी वेस्ट बंगाल नाम से वेस्ट को हटाना चाहती है. इसलिए नया नाम अंग्रेजी में 'बंगाल' और बंगाली में 'बांग्ला' या 'बंग' रखा जा सकता है.
अंग्रेजी वर्णमाला की वजह से नाम बदलने की कोशिश
प्रदेश सरकार के मंत्री पार्थ चटर्जी ने बताया कि जल्द ही विधानसभा का विशेष सत्र बुलाकर इस विषय पर चर्चा की जाएगी. तब तक अंग्रेजी नाम को बरकरार रखा जाएगा. उन्होंने बताया कि प्रदेश का नाम बदलने के पीछे अंग्रेजी की वर्णमाला की वजह है और यह नई मांग नहीं है.
मामले में हो चुकी है सर्वदलीय बैठक
साल 2011 में वेस्ट बंगाल का नाम बदलकर पश्चिम बंग करने पर रायशुमारी करवाई गई थी. इसके लिए प्रदेश में सर्वदलीय बैठक भी बुलाई गई थी. बैठक में तय किया गया था कि अंग्रेजी वर्णमाला के हिसाब से राज्य का नाम पहले लाने के लिए कोशिश करने का फैसला लिया गया था.
Cabinet decided to change name of West Bengal, will be either Bangla or Bongo. In English it will be Bengal:Partha Chatterjee,WB Minister
— ANI (@ANI_news) August 2, 2016
वाम मोर्चा की सरकार ने भी उठाया था मुद्दा
तब हुई बैठक में तृणमूल कांग्रेस के अलावा सीपीएम की अगुवाई में विपक्षी दलों ने भी ममता सरकार की इस मुहिम का साथ दिया था. इसके पहले बुद्धदेव भट्टाचार्य के नेतृत्व वाली वाममोर्चा सरकार ने भी इस मसले को उठाया था.
Cabinet clears name change of West Bengal,either Bangla or Bongo. In English it will be Bengal:Partha Chatterjee,TMChttps://t.co/S3ibG9blGX
— ANI (@ANI_news) August 2, 2016
यह है खास वजह
आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक राज्यों के किसी भी सम्मेलन में पश्चिम बंगाल के वक्ताओं या प्रतिनिधियों को सबसे आखिर में मौका मिलता है. इस वजह से उन्हें अपने विचारों को रखने के लिए कम वक्त मिल पाता है. इस वजह से वक्ताओं को जबतक बोलने का वक्त मिलता है तबतक कार्यक्रम खत्म होने लगता है. थकान भी हो जाती है और सुनने वाले भी लगभग अनमने हो जाते हैं. इस वजह से नाम बदलने की मांग लंबे समय से की जा रही है.
वहीं पश्चिम बंगाल से ही आने वाले केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो ने कहा कि हम प्रदेश का नाम बदले जाने का स्वागत करेंगे, लेकिन बोंगो नाम होना सही नहीं लगता. उन्होंने कहा कि यह नाम तो म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट का है.
Welcome the name change,but name should not be bongo, that is a musical instrument: Babul Supriyo,Union Minister pic.twitter.com/7S9SSpqTko
— ANI (@ANI_news) August 2, 2016