केंद्र के पशु कानून पर चर्चा के लिए केरल विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया जाने वाला है. केरल मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को राज्यपाल पी. सदाशिवम से विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने की अपील की है. यह सत्र 8 जून को बुलाया जाना है. विधानसभा के इस सत्र में पशुओं के वध से लेकर, इनके व्यापार पर बनाए गए केंद्र सरकार के नए कानून पर चर्चा होगी. साथ ही इस नए कानून से राज्य सरकार के अधिकारों के हो रहे हनन पर भी चर्चा होगी. पिनराई विजयन मंत्रिमंडल ने शुक्रवार सुबह बैठक करने के बाद दिनभर के लिए विधानसभा सत्र बुलाए जाने का फैसला किया.
इससे पहले पिनराई विजयन मंत्रिमंडल ने नए पशु कानून को लेकर शुक्रवार सुबह बैठक की थी. इस बैठक के बाद ही दिनभर के लिए विधानसभा सत्र बुलाए जाने का फैसला किया गया है. विपक्ष में रहे कॉग्रेस और वाम मोर्चा तो पहले से ही इस कानून का विरोध कर रही है. यह दोनों दल एकजूट होकर पशु कानून में हुए संशोधन का विरोध कर रहे हैं. उन्होंने तो यहां तक कहा है कि 'यह कुछ और नही बल्कि राज्य सरकार के अधिकारों को हड़पने की एक कोशिश है.
सर्वसम्मति से नही पास हो सकती नई कानून
केरल विधानसभा के इस विशेष सत्र में पशु व्यापार के संबंध में केंद्र सरकार के नए कानून के खिलाफ प्रस्ताव पारित किए जाने की संभावना है. हालांकि इसके सर्वसम्मति से पारित होने की संभावना न के बराबर है. पिछले चुनावों में ही भाजपा का केरल में खाता खुला था. तो भारतीय जनता पार्टी के विधायक ओ. राजगोपाल निश्चित रूप से इस प्रस्ताव का विरोध करेंगे.
विजयन मुख्यमंत्रियों के साथ करना चाहते हैं बैठक
नए पशु व्यापार का मुद्दा मुख्यमंत्री विजयन दिल्ली पहुंचकर भी यह मुद्दा उठाऐंगे. पिनराई विजयन दिल्ली में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के केंद्रीय नेतृत्व के सामने सारी बात रखेंगे. वह देश के सभी मुख्यमंत्रियों के साथ भी इस संबंध में बैठक करके सबको साथ लाना चाहते हैं.
बता दें की विजयन 6 और 7 जून को माकपा की दो दिवसीय पोलित ब्यूरो बैठक में भाग लेने के सिलसिले में दिल्ली में होंगे.