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हरियाणा: गोवंश और गोसंवर्धन कानून हुआ सख्त, सब-इंस्पेक्टर को मिला ये अधिकार

हरियाणा सरकार ने राज्य में गौमांस की तस्करी को रोकने के लिए बनाए गए गोवंश और गोसंवर्धन कानून को और सख्त बनाने के लिए कैबिनेट में प्रस्ताव पास किया.

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फाइल फोटो- मनोहर लाल खट्टर
फाइल फोटो- मनोहर लाल खट्टर

हरियाणा सरकार ने राज्य में गौमांस की तस्करी को रोकने के लिए बनाए गए गोवंश और गोसंवर्धन कानून को और सख्त बनाने के लिए कैबिनेट में प्रस्ताव पास किया है. इस प्रस्ताव के तहत पुलिस के अधिकार बढ़ाए गए हैं.

पहले सिर्फ SDM की मौजूदगी में ही गौमांस और वाहन को हरियाणा पुलिस जब्त कर सकती थी, लेकिन नए प्रस्ताव के मुताबिक अब हरियाणा पुलिस के सब-इंस्पेक्टर को भी गौमांस और उसे ले जा रहे वाहन को जब्त करने का अधिकार होगा.

हरियाणा कैबिनेट में यह फैसला लिया गया. हरियाणा में गोतस्करी की घटनाएं कई बार समाने आ चुकी हैं. गो तस्करी पर स्थानीय प्रशासन बेहद सख्त है.

बता दें  हरियाणा में बीफ यानी गोमांस बेचने और खरीदने पर बैन लगा है. हरियाणा विधानसभा में 'गोवंश संरक्षण संवर्धन बिल 2015'  के तहत बीफ पर बैन लगाया गया है. इस कानून के तहत राज्य में में गौ हत्या के लिए दस साल के सश्रम कारावास का प्रावधान है. इसके अलावा जुर्माना वसूलने का भी प्रावधान है.

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हरियाणा सरकार ने किसी भी रूप में गोमांस की बिक्री प्रतिबंध लगाया है.  राज्य में गौ और गौवंश संरक्षण के अलावा इसके संवर्धन पर ध्यान दिया जा रहा है. साथ ही इस संबंध में देसी गायों के विकास, आवारा गौवंश को रखने के लिए गौशालाओं का निर्माण भी किया जा रहा है. गौरतलब है कि इससे पहले बीजेपी शासित महाराष्ट्र में भी गोमांस की बिक्री पर प्रतिबंध लग चुका है.

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