ऑटो चालकों को लाइसेंस जारी करने में दिल्ली सरकार के परिवहन मत्रालय में भ्रष्टाचार हो रहा है. एक ऑटो चालक ने दिल्ली के CM को SMS कर यह शिकायत दर्ज कराई. इसके बाद दिल्ली सरकार ने तिपहिया वाहनों के लिए नए 'लेटर्स ऑफ इंट्रस्ट' (LOI) जारी करने में कथित भ्रष्टाचार को लेकर परिवहन विभाग के तीन अधिकारियों को निलंबित कर दिया है.
उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने शनिवार सुबह ट्वीट किया, ' के तीन अधिकारियों को तिपहिया वाहनों के लिए नए 'लेटर्स ऑफ इंट्रस्ट' जारी करने में भ्रष्टाचार के आरोप में निलंबित कर दिया गया.' उप मुख्यमंत्री ने अपने एक अन्य ट्वीट में कहा, 'मंत्री ने कहा कि लेटर्स ऑफ इंट्रस्ट क्रमवार न जारी कर मानमाने तरीके से जारी किए जा रहे थे, जबकि इन्हें आवेदनों की क्रम संख्या के अनुरूप जारी किए जाने के आदेश हैं. यह भी पाया गया कि इन्हें आवेदकों की बजाय डीलरों को जारी किया जा रहा था.'
Three officials of transport dept being suspended. Corruption in issueing fresh letter of intrests for 3 wheelers.
— Manish Sisodia (@msisodia)
It was found that in many cases the LOIs were being given to dealers instead of applicants.
— Manish Sisodia (@msisodia)
The matter would be handed over to CBI. This govt can not tolerate corruption at any level.
— Manish Sisodia (@msisodia)
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को शुक्रवार को किसी ऑटो चालक से एक एसएमएस मिला. इस मैसेज में लेटर्स ऑफ इंट्रेस्ट जारी करने में हो रहे की गई थी. उन्होंने तुरंत परिवहन मंत्री गोपाल राय को सूचित किया. राय ने CM को बताया कि इसी किस्म की शिकायतें उन्हें पिछले दो दिनों से मिल रही हैं. परिवहन मंत्रालय ने इस मामले में प्राथमिक जांच का आदेश भी दे दिया था. दिल्ली सरकार ने इस मामले को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंप दिया है. सिसोदिया ने कहा कि यह सरकार किसी भी रूप में भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं कर सकती.
ने इस मामले पर कहा, 'दिल्ली के अंदर 10 हजार ऑटो के परमिट देने का प्रोसेस शुरू किया था जिसमे ये तय किया था कि योग्य लोगों की लिस्ट बनाई जाए. 23 तारीख से LOI (लेटर ऑफ इंट्रस्ट) जारी करने की प्रक्रिया शुरू हुई लेकिन जब हमने 25 को पता लगाया तो पता चला कि LOI अभी मिली ही नहीं है. इस पर कार्रवाई करते हुए परिवहन मंत्रालय के तीन अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है.' राय ने कहा कि उनकी सरकार भ्रष्टाचार के मामले में कुछ छुपाती नहीं है और खुद एक्शन लेती है. राय ने जानकारी दी कि 932 LOI को रद्द किया जा रहा है.
बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश उपाध्याय ने इस मामले में गोपाल राय का इस्तीफा मांगा है.