scorecardresearch
 

चुनाव प्रचार में इंटरनेट का इस्तेमाल करने वाले पहले प्रधानमंत्री थे अटल बिहारी वाजपेयी

अटल बिहारी वाजपेयी पहले ऐसे प्रधानमंत्री थे जिन्होंने चुनाव प्रचार के लिए इंटरनेट का इस्तेमाल किया था. करीब बीस साल पहले जब इंटरनेट अपने शुरुआती दौर में था तब ही अटल बिहारी वाजपेयी के चुनाव प्रचार के लिए इंटरनेट का इस्तेमाल किया गया था.

Advertisement
X
1999 में विनोद खन्ना ने किया था अटल से जुड़ी वेबसाइट का उद्घाटन
1999 में विनोद खन्ना ने किया था अटल से जुड़ी वेबसाइट का उद्घाटन

  • पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की आज 95वीं जयंती है
  • चुनाव प्रचार में इंटरनेट का इस्तेमाल करने वाले पहले दिग्गज नेता थे अटल
  • बीस साल पहले ही वाजपेयी के चुनाव प्रचार में इंटरनेट का इस्तेमाल हुआ था

आज देश के दिग्गज राजनेताओं से लेकर आम कार्यकर्ता तक सोशल मीडिया और इंटरनेट का जमकर इस्तेमाल करते हैं, लेकिन यह तथ्य कम लोगों को मालूम होगा कि अटल बिहारी वाजपेयी पहले ऐसे प्रधानमंत्री और दिग्गज नेता थे जिन्होंने चुनाव प्रचार के लिए इंटरनेट का इस्तेमाल किया था. पूर्व प्रधानमंत्री और भारतीय जनता पार्टी के दिग्गज नेता अटल बिहारी वाजपेयी की आज 95वीं जयंती है.

कहां हुआ इंटरनेट का इस्तेमाल

 करीब बीस साल पहले जब इंटरनेट अपने शुरूआती दौर में था तब अटल बिहारी वाजपेयी ने लखनऊ में अपने चुनाव प्रचार के लिए पहली बार इंटरनेट का इस्तेमाल किया था.

Advertisement

साल 1998 में अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व में एनडीए की सरकार बनी थी, लेकिन जयललिता के समर्थन वापस लेने के बाद करीब 13 महीने बाद ही 1999 में यह सरकार गिर गई. इसके बाद 1999 में फिर से आम चुनाव का ऐलान हुआ. तत्कालीन प्रधानमंत्री वाजपेयी तब के संसदीय चुनाव में अकेले ऐसे उम्मीदवार थे जिनका प्रचार न केवल रीयल बल्कि इंटरनेट के वर्चुअल माध्यम से भी किया गया था.

27 जुलाई 1999 को उनके चुनाव प्रचार पर केंद्रित एक वेबसाइट VoteForAtal.Com का उद्घाटन यूपी के बीजेपी मुख्यालय पर बीजेपी नेता और फिल्म स्टार विनोद खन्ना ने किया था. इस चुनाव में अटल बिहारी वाजपेयी को जीत मिली थी.

तब नरेंद्र मोदी भी लखनऊ में थे

संयोग से चुनाव प्रचार के लिए लखनऊ आए नरेन्द्र मोदी भी तब यूपी कार्यालय पर मौजूद थे. ग्लोबल टैक्सपेयर्स ट्रस्ट के चेयरमैन एवं लखनऊ के समाजसेवी मनीष खेमका इस वेबसाइट की लॉन्चिंग टीम का हिस्सा थे. उन्होंने बताया, 'जिस दिन इस वेबसाइट का उद्घाटन यूपी के बीजेपी मुख्यालय पर प्रस्तावित था, संयोग से नरेंद्र मोदी भी उस समय वहां मौजूद थे. नरेंद्र मोदी ने ही किसी चर्चित चेहरे या प्रदेश के किसी बड़े नेता से इस वेबसाइट का उद्घाटन करवाने की सलाह दी थी. फिर फिल्म स्टार विनोद खन्ना का नाम तय हुआ जो तुरंत ही वहां पहुंचे थे. विनोद खन्ना की वजह से ही इस इवेंट को अच्छी मीडिया कवरेज भी मिली थी.'

Advertisement

atal-ji1_122519083746.jpeg

कुछ साल पहले ही शुरू हुआ इंटरनेट

गौरतलब है कि भारत में इंटरनेट सेवा 15 अगस्त 1995 को तब आरंभ हुई जब विदेश संचार निगम लिमिटेड ने अपनी टेलीफोन लाइन के जरिए दुनिया के अन्य कंप्यूटर से भारतीय कंप्यूटरों को जोड़ दिया.

जनसामान्य के लिए इंटरनेट विदेश संचार निगम लिमिटेड (VSNL) के गेटवे सर्विस के साथ ही आरंभ हुआ. सन 1998 में सरकार ने निजी कंपनियों को इंटरनेट सेवा क्षेत्र में आने की अनुमति दे दी. इसी साल देश की पहली साइट इंडिया वर्ल्ड डॉट कॉम आरंभ हुई.

नब्बे के दशक में बीजेपी के कद्दावर नेता अटल बिहारी वाजपेयी ने लखनऊ संसदीय सीट से मैदान में उतरकर जीत का जो सिलसिला शुरू किया था फिर वो थमा नहीं. अटल बिहारी वाजपेयी यहां से लगातार पांच बार 1991, 1996, 1998, 1999 और 2004 में सांसद चुने गए.

Advertisement
Advertisement