जम्मू से बुधवार सुबह पवित्र अमरनाथ यात्रा के लिए लगभग 1,300 तीर्थयात्रियों का पहला जत्था रवाना हो गया पर जैसी ही यह जत्था उधमपुर पहुंचा, इसे वहीं पर रोक दिया गया. खबर है कि इस यात्रा को बुधवार शाम में फिर हरी झंडी दी जा सकती है. कश्मीर में व्यापक हिंसा को देखते हुए यात्रा रोक दी गई है.
इस जत्थे में 233 महिलाएं और 32 बच्चे हैं. तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को राज्य के पर्यटन मंत्री नवांग रिग्जिन जोरा ने रवाना किया था. इस मौके पर उन्होंने कहा कि तीर्थयात्रियों के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं.
जम्मू से गुफा तक के रास्ते में भारी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बल तैनात किए गए हैं. कश्मीर में तनाव और सुरक्षा चिंताओं के बावजूद तीर्थयात्री अपनी आस्था को लेकर प्रतिबद्ध हैं. एक तीर्थयात्री सतीश मंगोत्रा ने बताया कि यह आस्था का विषय है. कश्मीर में तनाव है सिर्फ इस वजह से मैं इस यात्रा को नहीं टाल सकता. मुझे पूरा विश्वास है कि बाबा भोले शंकर हम सभी की रक्षा करेंगे.