टाइटेनिक जहाज हादसे की 100वीं बरसी पर आयोजित स्मृति सभा में भाग लेने के लिए न्यूयार्क से यात्रियों का एक जत्था एक अनोखी यात्रा पर रवाना हुआ है.
ये यात्री उस स्थान तक जा रहे हैं, जहां यह आलीशान जहाज 15 अप्रैल 1912 को एक हिमखंड से टकरा कर डूब गया था. यात्री हादसे में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देंगे और उनकी याद में प्रार्थना करेंगे.
इन यात्रियों को लेकर जा रहा पोत बीते दिन हेलिफेक्स में रुका. इस पोत पर सवार टाइटेनिक हादसा स्थल तक जा रहे यात्रियों की खास बात यह है कि उन्होंने एक सदी पहले टाइटेनिक में सवार यात्रियों की तरह की वेशभूषा पहन रखी है.
ये लोग जिन स्थानों पर जाएंगे उनमें फेयरव्यू लान सिम्रिटी भी शामिल है, जहां 150 पीड़ितों में से 121 को दफनाया गया था. इस हादसे में 1500 से अधिक यात्री और चालक दल के सदस्य मारे गए थे.
कनाडाई बंदरगाह हेलिफेक्स की टाइटेनिक की कहानी में काफी अहम भूमिका है.
अटलांटिक महासागर में टाइटेनिक के यात्रियों के शवों को निकालने के लिए जिन चार पोतों को भेजा गया था वे हेलिफेक्स बंदरगाह से ही गए थे. ये सभी लोग शनिवार को घटनास्थल पर पहुंचेंगे.