पंजाब के तरनतारन जिले में जहरीली शराब से अब तक 100 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. इस घटना के बाद पंजाब पुलिस ने जगह जगह पर छापेमारी करके अवैध शराब का कारोबार करने वाले कई लोगों को पकड़ा था. मगर कुछ दिन बीत जाने के बाद तरनतारन के गांव पंडोरी गोला में फिर शराब बिक रही है. मंगलवार को 27 वर्षीय नौजवान की शराब पीने से मौत हो गई.
तरनतारन का पनडोरी गोला गांव की पंचायत और सरकार की ओर से बाहर एक बोर्ड लगा है कि यह गांव नशा मुक्त है. इस गांव के अंदर न तो तम्बाकू और न ही बीड़ी का कोई भी गांव निवासी सेवन करता है. मगर हैरानी की बात यह है कि तरनतारन में जहरीली शराब पीकर अब तक जितने भी लोग मरे हैं, उनकी मौत इसी गांव की अवैध शराब की सप्लाई से ही हुई है.
इतना ही नहीं, इस गांव के सरपंच का भाई भी जहरीली शराब पीने से मर चुका है. इतने लोग मरने के बाद पुलिस हरकत में आई और अवैध शराब का कारोबार करने वाले लोगों की धरपकड़ शुरू हुई है. कुछ दिन बीत जाने के बाद शराब बेचने वाले लोग अपना यह धंधा फिर शुरू कर रहे हैं. गांव के लोग कहते हैं कि गांव के बाहर लगा बोर्ड सिर्फ दिखावा है. गांव की हार दुकान से जैसा भी नशीला पदार्थ चाहिए वह मिल जाएगा.
अवैध शराब के मामले में सरकार की ओर से एसआईटी का गठन किया गया था और अभी तक उसकी रिपोर्ट नहीं आई. मगर मंगलवार को तरनतारन के गांव पंडोरी गोला में एक नौजवान की फिर शराब पीने से मौत हो गई. मृतक की मां का रो रो कर बुरा हाल है. आरोप है कि अभी भी अवैध शराब गांव में धड़ल्ले से बिक रही है.
वहीं पुलिस यह बात तो मान रही है कि नौजवान की शराब पीने से मौत हुई है. लेकिन पुलिस का कहना है कि यह शराब पहली शराब की तरह जहरीली थी. इसका पता पोस्टमार्टम की रिपोर्ट के बाद लगेगा. फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है.
(तरनतारन से जेपी सिंह के इनपुट के साथ)