आम आदमी पार्टी की पंजाब इकाई में पहले से चल रही उथल-पुथल के बीच अब पार्टी सांसद भगवंत मान का कथित ऑडियो क्लिप वायरल हो गया है. इस टेप में वह पार्टी प्रमुख केजरीवाल पर निशाना साध रहे हैं. क्लिप में भगवंत कह रहे हैं कि अरविंद केजरवीवाल तिकड़म करते हैं और पंजाब में दिल्ली से नेता थोपे जा रहे हैं.
सोशल मीडिया पर वायरल हुए इस ऑडियो टेप को भगवंत मान और पार्टी के निलंबित सांसद धर्मवीर गांधी की बातचीत बताया जा रहा है. बातचीत में भगवंत मान भी पार्टी आलाकमान से खफा नजर आ रहे हैं. हालांकि, अभी इस बात की पुष्टि नहीं हुई है कि टेप में आवाज मान की ही है. टेप में मान और धर्मवीर गांधी ने को चलाने, पंजाब के चारों सांसदों को नजरअंदाज कर राज्य की बागडोर को अनजान लोगों के हाथ में सौंपे जाने का विरोध किया है.
ऑडियो टेप के बारे में धर्मवीर गांधी कहते हैं कि उनकी और मान के बीच यह बातचीत फरवरी महीने की है. इसी दौरान ने दिल्ली में मुख्यमंत्री पद की थी. हालांकि, गांधी ने इसे साजिश बताते हुए कहा कि उन्होंने इस बातचीत को रिकॉर्ड नहीं किया.
AAP ने किया खारिज
दूसरी ओर, आम आदमी पार्टी की ओर से संजय सिंह ने प्रतिक्रिया देते हुए ऑडियो टेप को खारिज किया है. उन्होंने कहा कि इस तरह संपादित किए गए ऑडियो और वीडियो क्लिप कोई नई बात नहीं हैं. लोगों को इसमें कोई दिलचस्पी नहीं है.
Such edited audio & video clips are nothing new.People not interested in all this-Sanjay Singh,AAP on Bhagwant Mann
— ANI (@ANI_news)
पढ़ें, बातचीत के कुछ अंश-
भगवंत मान: मुझे पता लगा है की यह फुल्का और बाकी अपने विरुद्ध तिकड़म बाजी कर रहे हैं कि देखो गांधी जी ने जमानत जब्त करवा दी. उनकी परफॉर्मेंस तो हमने देख ली है.
गांधी: अच्छा तब माहौल क्या था?
मान: उधर साधु सिंह की भी देख लो उनके हलके में कह रहे हैं, हमने गलती करली है न ते भगवंत मान जोक सुनाता रहता है. सो ये मुझे बताया है किसी ने. मैंने कहा, जी कोई बात नहीं. हम बात करेंगे. सो उनके साथ सीरियसली बात करिए कि हम विनर हैं और दिल्ली में भी विनर हैं. जिन मोर्चो पर हमारी ड्यूटी लगाई है रिकॉर्ड देख लो हमारे सारे कैंडिडेट जीते हैं. अब पंजाब की टीम हमें बनाने दो. उठाकर लगा दिए ये मंजीत मनजात जैसे यह डॉ. कौन है. आप का बलबीर रुपिंदर कौर पता नहीं कौन बरनाले लगा दी. मतलब जिन्होंने हमें हराने में कसर नहीं छोड़ी और हमारी जीत पर शोक मनाया है. वो हमारे इंचार्ज लगा दिए.
गांधी: ये नहीं हो सकता.
मान: उनको बताना है पंजाब इतना आसान नहीं. हम तीनों अपने हाथ में ले एक दूसरे को सपोर्ट करे, तब पंजाब चलेगा.