पहलगाम की घटना के बाद भारत में मॉक ड्रिल का अभ्यास किया जाएगा. इस विषय पर रिटायर्ड कर्नल दिव्येंदु चौधरी ने बताया कि यह मॉक ड्रिल नागरिकों को संभावित बैलिस्टिक मिसाइल या हवाई हमलों से बचाव के लिए है. उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में भारत में ऐसी मॉक ड्रिल नहीं हुई है, जबकि पश्चिमी देशों में यह आम बात है.