महाराष्ट्र सरकार की मुख्यमंत्री लाडली बहन योजना में अनियमितताएं सामने आई हैं। इस योजना के तहत 14,200 पुरुषों ने लाभ लिया है, जबकि यह योजना महिलाओं के लिए है। इसके अतिरिक्त, 26 लाख से अधिक महिलाएं भी इस योजना के लिए अपात्र पाई गई हैं। जुलाई 2024 में घोषित इस योजना का उद्देश्य पात्र माता-बहनों को लाभ पहुंचाना था। उपमुख्यमंत्री अजित दादा पवार साहब ने बताया था कि लगभग दो महीनों में 2.6 करोड़ से अधिक महिलाओं को इसका लाभ मिला। विभाग की मंत्री अदिति ताई तटकरे मैडम ने ट्वीट कर इन अनियमितताओं की जांच की बात कही है। सरकार इन सभी मामलों की समीक्षा करेगी और दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। सरकार की मंशा उन्हीं माता भगिनी को मुख्यमंत्री लाडली बहन योजना का लाभ मिले जो उसमें पात्र होती है। इसके अलावा, कृषि मंत्री माणिकराव कोकाटे के इस्तीफे और गृह राज्य मंत्री योगेश कदम के बार लाइसेंस विवाद पर भी चर्चा हुई। स्थानीय निकाय चुनावों में महायुति के साथ लड़ने पर भी विचार चल रहा है।