के आगामी विधानसभा चुनाव में महबूबा मुफ्ती के नेतृत्व में पीडीपी सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभर सकती है. वहीं के बाद बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी बनकर तो उभरेगी, लेकिन बहुमत से पीछे रह सकती है. इंडिया टीवी-सी वोटर के पोल सर्वे में यह बात निकलकर आई है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मिशन-कश्मीर के बावजूद बीजेपी के कश्मीर में दूसरे नंबर की पार्टी के रूप में ही उभरने के संकेत मिल रहे हैं. सर्वे के अनुसार पीडीपी को जम्मू-कश्मीर विधानसभा की 87 में से 28-34 सीटें मिल सकती हैं. आतंकवाद का दंश झेल रहे इस राज्य में बीजेपी दूसरी सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभर सकती है. सर्वे के अनुसार बीजेपी को यहां 24-30 सीटें मिल सकती हैं. यह पोल सर्वे नवंबर के तीसरे हफ्ते में किया गया है.
बीजेपी के लिए ज्यादा चिंताजनक बात झारखंड से है. पोल सर्वे के अनुसार 81 सीटों वाली झारखंड विधानसभा में बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी के रूप में तो उभरती दिख रही है, लेकिन यह आंकड़ा बहुमत से पीछे है. सर्वे के अनुसार पार्टी को यहां 30-36 सीटें मिल सकती हैं. जबकि झारखंड में सत्तारूढ़ जेएमएम राज्य में दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभर सकती है. जेएमएम को 15-21 सीटें मिलने का अनुमान है. झारखंड विकास मोर्चा को 4-10 सीटें, कांग्रेस को 9-15 और अन्य के खाते में 8-14 सीटें आ सकती हैं.
2009 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी और जेएमएम ने 18-18 सीटें जीती थीं, जबकि कांग्रेस की झोली में 14 सीटें गईं थीं. झारखंड विकास मोर्चा ने 11 सीटें और अन्य ने 20 सीटों पर जीत दर्ज की थी.
वोटिंग पर्सेंटेज के लिहाज से भी देखा जाए तो बीजेपी के पक्ष में 12 प्रतिशत हवा है. इसके हिसाब से बीजेपी को 32 फीसदी वोट मिलने का अनुमान है. इसके बाद जेएमएम को 19 फीसदी, कांग्रेस को 13, जेवीएम को 11 और अन्य के पक्ष में 25 फीसदी वोट जा सकते हैं.
जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव में जहां पीडीपी को सबसे ज्यादा 28-34 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि बीजेपी 24-30 सीटें जीत सकती है. राज्य की सत्तारूढ़ नेशनल कॉन्फ्रेंस की झोली में 8-14, कांग्रेस के हिस्से 5-11 और अन्य की झोली में 7-13 सीटें जा सकती हैं. 2009 के विधानसभा चुनाव में नेशनल कॉन्फ्रेंस को 28, कांग्रेस को 17, पीडीपी को 21, बीजेपी को 11 और अन्य को 10 सीटें मिलीं थीं.