scorecardresearch
 

Gujarat का CM बदलने के पीछे वजह पटेल वोट बैंक को साधना? Sudhanshu Trivedi ने द‍िया जवाब

Gujarat का CM बदलने के पीछे वजह पटेल वोट बैंक को साधना? Sudhanshu Trivedi ने द‍िया जवाब

चुनाव के चंद महीने पहले बीजेपी ने गुजरात का चेहरा बदल दिया. पहली बार विधायक बने भूपेंद्र पटेल को सूबे की कमान थमा दी. भूपेंद्र पटेल ना कभी मंत्री रहे और ना ही कोई प्रशासनिक अनुभव. फिर भी उन्हें मुख्यमंत्री की कुर्सी दी गई क्योंकि वो पाटीदार समुदाय से आते हैं. ऐसे में सवाल ये कि चुनाव से करीब 15 महीने पहले बीजेपी ने नेतृत्व में बदलाव क्यों किया. कहीं ऐसा तो नहीं कि बीजेपी को लग रहा है कि कोई पटेल नेता ही 2022 में पार्टी की नैया पार लगा सकता है. दरअसल, भूपेंद्र पटेल करवा पाटीदार समुदाय से आते हैं, जिसके वोटर लगातार बीजेपी से दूर हो रहे हैं. गुजरात में करीब 20-22 फीसदी पाटीदार वोटर हैं जिसमें करवा पटेल 60% और लेउवा पटेल 40% हैं. गुजरात का सीएम बदलने के पीछे वजह पटेल वोट बैंक को साधना? देखें सुधांशु त्र‍िवेदी ने इसका क्या जवाब दिया.

A few months before the elections, BJP changed the face of Gujarat. Bhupendra Patel, who became an MLA for the first time, was given the command of the state. Bhupendra Patel was never a minister nor had any administrative experience. Yet he was given the chief minister's chair because he comes from the Patidar community. In such a situation, the question is why did the BJP change the leadership about 15 months before the elections. Is it not that BJP is feeling that only a Patel leader can cross the party's line in 2022. Actually, Bhupendra Patel comes from the Karva Patidar community, whose voters are constantly turning away from the BJP. About 20-22% of Patidar voters in Gujarat are Karva Patel 60% and Leuva Patel 40%. Watch this video.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें