गुजरात के दलित नेता और वडगाम सीट से विधायक जिग्नेश मेवानी पर अहमदाबाद में जनसभा के दौरान हमला हुआ है. मेवानी की ओर से दावा किया गया है कि प्रदेश के पूर्व गृह मंत्री प्रदीप सिंह जड़ेजा के करीबी द्वारा ये हमला किया गया. इस जनसभा में कांग्रेस की अनुसूचित जाति विभाग के गुजरात चेयरमैन हितेंद्र पिथाड़िया भी मौजूद थे.
अहमदाबाद जिले के वस्त्राल के नर्मदा अपार्टमेंट में कांग्रेस नेता जिग्नेश मेवानी और अनुसूचित जाति विभाग के चेयरमैन हितेंद्र पिथाड़िया की सभा चल रही थी. कांग्रेस नेता हितेंद्र की ओर से दावा किया गया कि गुजरात के पूर्व गृह मंत्री प्रदीप सिंह जड़ेजा के आदमी लाभु देसाई द्वारा सभा में हमला किया गया. साथ ही सभा को बर्खास्त करने की जबरदस्ती भी की गई. उन्होंने आरोप लगाया कि ये हमला पुलिस की उपस्थिति में किया गया जोकि प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति को दर्शाता है.
वस्त्राल के नर्मदा अपार्टमेंट में व हमारी सभा चल रही थी, सभा में पूर्व गृह मंत्री के आदमी लाभु देसाई द्वारा हमला किया गया और सभा बर्खास्त करने के लिए जबरजस्ती की गई। पुलिस की उपस्थिति में हुआ ये हमला, गुजरात में क़ानून व्यवस्था की स्थिति दर्शाता है
— Hitendra Pithadiya हितेंद्र હિતેન્દ્ર ہٹندر 🇮🇳 (@HitenPithadiya)
मेवानी पर हमले की जानकारी
गुजरात के वडगाम से विधायक जिग्नेश मेवानी की ओर से भी बताया गया कि अहमदाबाद के वस्त्राल इलाके में पुलिस की मौजूदगी में उनके ऊपर हमला किया गया. मेवानी की सोशल मीडिया टीम की ओर से ट्वीट करते हुए लिखा गया, "वडगाम विधायक जिग्नेश मेवानी पर गुजरात के पूर्व गृह मंत्री प्रदीप सिंह जडेगा के गुंडे ने अहमदाबाद के वस्त्राल इलाके में पुलिस की मौजूदगी में एक जनसभा में हमला किया.
Vadgam MLA Jignesh Mevani attacked by Gujarat's ex home minister Pradipsinh Jadega's goon at a public meeting in Ahmedabad's Vastral area in presence of police.
— Jignesh Mevani (@jigneshmevani80)
-social media team
केजरीवाल को ऑटो में बैठने से रोका
बता दें कि आज दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी ऑटो चालकों से संवाद किया था. इस दौरान एक ऑटो चालक ने उन्हें अपने घर पर डिनर के लिए आमंत्रित किया था. जिसे स्वीकार करते हुए केजरीवाल ने रात आठ बजे का समय फिक्स किया था. लेकिन गुजरात पुलिस ने दिल्ली के सीएम को सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए ऑटो में बैठकर जाने से रोक दिया, जिसके बाद सड़क पर खूब हंगामा किया गया.