दिल्ली सरकार द्वारा सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर बीजेपी विधायक ओम प्रकाश शर्मा ने कुछ अहम सवाल दिल्ली विधानसभा के मॉनसून सत्र में पूछे, जिनका जवाब स्वास्थ्य मंत्री ने सोमवार को जारी किया है.
सरकारी अस्पतालों में बिस्तर बढ़ाने के लक्ष्य के सवाल पर स्वास्थ्य विभाग ने कहा कि बेड की क्षमता 10 हजार से बढ़ाकर 20 हजार करने का लक्ष्य दिल्ली सरकार ने तय किया है.
बीजेपी विधायक की ओर से पूछा गया कि वर्तमान सरकार के सत्ता में आने से पहले और सत्ता में आने के बाद कितने बिस्तर बढ़े? स्वास्थ्य विभाग ने 2014-15 की एक वार्षिक रिपोर्ट का जिक्र करते हुए वर्तमान सरकार (आम आदमी पार्टी) से पहले 10 हजार 959 स्वीकृत बिस्तर होने की बात कही जबकि सत्ता में आने के बाद 2017-18 कि वार्षिक रिपोर्ट में 11 हजार 353 बिस्तर का ज़िक्र है.

दिल्ली सरकार के अस्पतालों में उपलब्ध और एक्टिव वेंटिलेटर की संख्या के जवाब में जानकारी सामने आई है कि पूरी दिल्ली में कुल 440 वेंटिलेटर्स हैं, जिनमें से 396 वेंटिलेटर्स ही एक्टिव हैं. इसके अलावा दिल्ली सरकार के अस्पतालों में सिर्फ लोक नायक अस्पताल में एमआरआई की सुविधा है.
बीजेपी विधायक द्वारा गुरु तेग बहादुर अस्पताल और यूनिवर्सिटी मेडिकल साइंस कॉलेज में एक्टिव एक्सरे मशीन की संख्या भी पूछी गई. स्वास्थ्य विभाग ने जवाब में बताया कि रेडियो-निदान विभाग में 7 एक्सरे मशीन काम कर रही हैं, जबकि 1 मशीन मरम्मत के अधीन है.
दिल्ली सरकार द्वारा 3 नए सरकारी अस्पताल प्रोजेक्ट की जानकारी भी दी गई है. 600 बेड वाला अंबेडकर अस्पताल जिसका निर्माण फरवरी 2019 में होना था लेकिन अब अंबेडकर अस्पताल का निर्माण का टारगेट नवंबर 2019 में पूरा होना तय किया गया है. साथ ही, 768 बेड वाले बुराड़ी अस्पताल का निर्माण मार्च 2019 में होना था, लेकिन इसके निर्माण पूरा होने का टारगेट भी अब नवंबर 2019 है.

तीसरे नंबर पर पहले फेज़ में 1241 बेड वाले इंदिरा गांधी अस्पताल का निर्माण द्वारका सेक्टर 9 में हो रहा है. इंदिरा गांधी अस्पताल का निर्माण मार्च 2019 में हो जाना था लेकिन अब इसके निर्माण की अंतिम तारीख मार्च 2020 तय हुई है.
बता दें कि 2015 में 70 में से 67 सीटों के साथ सत्ता में आने वाली आम आदमी पार्टी सरकार ने शिक्षा के बाद स्वास्थ्य के लिए ही सबसे ज्यादा बजट तय किया है.