कोरोना वायरस ने भारत समेत दुनियाभर में तबाही मचा रखी है. हिंदुस्तान में पूरा मेडिकल स्टाफ लोगों को बचाने में जी-जान से लगा हुआ है. इस बीच कुछ ऐसी घटनाएं देखने को मिल रही हैं, जो भावुक कर रही हैं. छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से भी ऐसी ही भावुक करने वाली मानवीय तस्वीर सामने आई है. यहां एम्स में भर्ती कोरोना पीड़ित एक महिला की 3 महीने की बेटी की देखरेख एम्स की दो नर्सें कर रही हैं.
दरअसल, छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले की रहने वाली एक कोरोना पॉजिटिव महिला एम्स रायपुर में भर्ती है. महिला अपने साथ तीन महीने की बेटी को भी लेकर आई थी. महिला से संक्रमण उसकी बेटी में न फैल जाए, इसके लिए बेटी को उससे अलग रखना ज़रूरी था. ऐसे में अस्पताल ने पहले बच्ची की नानी को उसकी देखरेख के लिए बुलाया, लेकिन उनका सैंपल भी पॉजिटिव आया.
इसके बाद बच्ची के मामा को बुलाया गया. जब बच्ची के मामा अस्पताल पहुंचे और उनकी जांच कराई गई, तो वो भी कोरोना पॉजिटिव पाए गए. जब परिवार के सभी लोग कोरोना वायरस की चपेट में आ गए, तो बच्ची की देखभाल का बीड़ा एम्स की दो नर्सों ने उठाया.
कोरोना पर फुल कवरेज के लिए यहां क्लिक करें
रायपुर स्थित एम्स के डायरेक्टर नितिन एम. नागरकर के मुताबिक बच्ची बेहद छोटी है, इसलिए उसे नियमित रूप से दूध की जरूरत होती है, लेकिन मां के कोरोना संक्रमित होने की वजह से उसका दूध बच्ची को नहीं दिया जा रहा है. अब एम्स की दो महिला नर्स बच्ची को बोतल से दूध पिला रही हैं. बच्ची को संक्रमण न हो, इसलिए लिए दोनों महिला नर्स PPE किट पहन कर बच्ची की देखभाल कर रही हैं.
आपको बता दें कि कोरोना वायरस ने भारत समेत दुनियाभर को जकड़ लिया है. इस जानलेवा वायरस की वजह से भारत समेत कई देशों में लॉकडाउन कर दिया गया है. इन सबके बावजूद कोरोना वायरस के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है. भारत में अब तक कोरोना वायरस के 11 हजार 933 मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें से 392 लोगों की मौत हो चुकी है.
कोरोना कमांडोज़ का हौसला बढ़ाएं और उन्हें शुक्रिया कहें...
वहीं, दुनियाभर में कोरोना वायरस के मरीजों का आंकड़ा 20 लाख 23 हजार 660 से ज्यादा हो चुका है, जिनमें से एक लाख 32 हजार 275 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. कोरोना के सबसे ज्यादा मामले अमेरिका में देखने को मिले हैं, जहां 6 लाख 14 हजार से ज्यादा लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं, जिनमें से 27 हजार 760 लोग जान गंवा चुके हैं. इसके बाद दूसरे नंबर पर इटली है, जहां 21 हजार 645 लोगों की मौत हुई है.