क्या नामीबिया से भारत लाए गए चीतों को खाने के लिए अब गायें मुहैया कराई जा रही हैं? सोशल मीडिया पर कुछ लोग एक वीडियो शेयर करते हुए ऐसा ही दावा कर रहे हैं.
वीडियो में एक है. कई सोशल मीडिया यूजर्स कह रहे हैं कि ये जानवर हाल ही में भारत लाए गए चीतों में से एक है. ऐसा कहते हुए लोग पीएम मोदी पर निशाना साध रहे हैं.
मिसाल के तौर पर, एक फेसबुक यूजर ने इस वीडियो को पोस्ट करते हुए लिखा, “. मोदीजी के चीते के भोजन गाय के बाद मानव का भोजन हो तो कोई अतिश्योक्ति नही होनी चाहिए. आखिर क्या चाहते हैं मोती जी.”

इंडिया टुडे की फैक्ट चेक टीम ने पाया कि न तो ये वीडियो हाल-फिलहाल का है और न ही इसमें गाय का शिकार करता दिख रहा जानवर चीता है. ये वीडियो तेंदुए के गाय पर हमला करने का है जो इसी साल अगस्त में वायरल हुआ था. जबकि भारत में चीते 17 सितंबर को लाए गए थे.
कैसे पता लगाई सच्चाई?
कीवर्ड सर्च के जरिये तलाशने पर हमें ये वीडियो आईएफएस अधिकारी साकेत बडोला के 15 अगस्त, 2022 के एक ट्वीट में मिला. यहां साकेत ने गाय का शिकार कर रहे जानवर को तेंदुआ बताया है.
On display, the tremendous jaw strength of Leopard !!
— SAKET (@Saket_Badola)
ये की कई मीडिया रिपोर्ट्स में भी मिला. सभी रिपोर्ट्स के आधार पर ही लिखी गई थीं. सभी खबरों में गाय का शिकार कर रहे जानवर को तेंदुआ ही बताया गया है.
तेंदुए और चीते के बीच का अंतर
के मुताबिक, चीते और तेंदुए के बीच उनकी खाल को देखकर अंतर किया जा सकता है. जहां चीते के शरीर पर काले रंग के गोलाकर या अंडाकार धब्बे होते हैं, वहीं तेंदुए के शरीर के धब्बों का आकार गुलाब की तरह होता है. इन्हें रोजेट्स कहते हैं.
हमने ये वीडियो दुधवा नेशनल पार्क, उत्तर प्रदेश के फील्ड डायरेक्टर संजय पाठक और उत्तर प्रदेश के रिटायर्ड प्रमुख वन संरक्षक के. प्रवीण राव को भेजा. दोनों ने हमें बताया कि वीडियो में गाय का शिकार कर रहा जानवर तेंदुआ है, न कि चीता.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, हाल ही में में नामीबिया से भारत लाए गए चीतों के खाने लिए 181 चीतल छोड़े गए हैं. इसे लेकर है. कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल हुए नेता कुलदीप बिश्नोई ने इसकी निंदा की है.
साफ है, तेंदुए के गाय का शिकार करने के एक पुराने वीडियो को हाल ही में नामीबिया से लाए गए चीतों काे गाय परोसे जाने का वीडियो बताया जा रहा है.