सोशल मीडिया पर एक विचलित कर देने वाली तस्वीर जमकर वायरल हो रही है, जिसमें एक सोफे पर नरकंकाल जैसा कुछ नजर आ रहा है. तस्वीर से जुड़े दावे में कहा गया है कि यह 63 वर्षीय एक करोड़पति महिला आशा साहनी का शव है, जो लगभग 10 महीने से मुंबई के एक बंद फ्लैट में पड़ा था.
साथ ही यह भी बताया गया है कि औरत का बेटा काफी समय से अमेरिका में नौकरी कर रहा था, जिसकी वजह से महिला मुंबई में घर में अकेली रहती थी. इस दौरान एक दिन महिला की मौत हो गई और जब बेटा लंबे अरसे बाद घर लौटा तो उसको अपनी मां का शव इस हालत में मिला. तस्वीर के साथ किए गए इस दावे में बताई गई पूरी कहानी को वायरल पोस्ट में पढ़ा जा सकता है.
इंडिया टुडे के एंटी फेक न्यूज़ रूम (AFWA) ने पाया कि वायरल तस्वीर नाइजीरिया की है और तीन साल से ज्यादा पुरानी है. हालांकि, पोस्ट में जिस महिला की कहानी बताई गई है वह लगभग सच है, लेकिन तस्वीर का इससे कोई लेना देना नहीं है.
Rajesh Kumar नाम के एक फेसबुक यूज़र सहित कई लोगों ने इस पोस्ट को शेयर किया है. अभी तक यह पोस्ट हजारों में शेयर हो चुकी है.
तस्वीर को रिवर्स सर्च करने पर हमें इंटरनेट पर नाइजीरिया की कुछ खबरें मिलीं जिसमें वायरल तस्वीर मौजूद थी. इन खबरों के मुताबिक यह नरकंकाल नाइजीरिया के ओगुन राज्य स्थित एक पादरी के घर में 2016 में मिला था. खबरों में पादरी का हवाला देते हुए कहा गया है कि यह नर कंकाल उसकी बहन का था जो साल 2010 से गायब थी.
वायरल पोस्ट में जिस बुजुर्ग महिला की मौत का जिक्र है वैसा ही एक मामला अगस्त 2017 में मुंबई में जरूर सामने आया था. खबरों के मुताबिक जब अमेरिका से एक NRI ऋतुराज साहनी डेढ़ साल बाद मुंबई स्थित अपने घर पर आए तो उनको अपनी मां आशा साहनी का नरकंकाल बेड पर मिला.
पुलिस के अनुसार आशा ने अप्रैल 2016 में आखिरी बार अपने बेटे से बात की थी और कहा था कि वह अब इस अकेलेपन में नहीं रहना चाहतीं. लेकिन इस बात का ऋषि पर कोई असर नहीं हुआ और वह भारत अपनी मां से मिलने नहीं आया. महिला के नरकंकाल मिलने के बाद यह भी कयास लगाया गया था की उसने खुदकुशी की होगी.
ऋतुराज के मुताबिक अक्टूबर 2016 में उन्होंने अपनी मां की गुमशुदगी की शिकायत ऑनलाइन दर्ज कराई थी लेकिन पुलिस ने रिपोर्ट को नजरअंदाज कर दिया.
यहां पर ये बात स्पष्ट होती है कि पोस्ट में जिस महिला की मौत की कहानी का जिक्र है वो सच है, लेकिन वायरल तस्वीर का इस मामले से कोई लेना देना नहीं.