गेम चेंजर कही जाने वाली कंगना रनोट हाल ही वोग एम्पॉवर कम्पैन की वजह से वंचित तबके की लड़कियों से मिलीं. कंगना ने उनसे अलग-अलग टॉपिक्स पर बात की और उन्हें बताया कि वे फिल्म इंडस्ट्री में कैसी आईं और फिल्म्स में महिलाओं के किरदार किस तरह से बदल रहे हैं. उन्होंने लड़कियों से कहा कि मुकाम हासिल करने के लिए टैलेंट की जरूरत होती है न कि मेकअप की.
कंगना ने कहा, 'वोग एम्पॉवर का हिस्सा होने के नाते मैंने लड़कियों से बात की. वैसे बच्चियों को न ही ठीक से शिक्षा मिल पाती है न कोई करियर कॉउंसलिंग. मैंने इन बच्चियों को गाइड किया और बताया कि हमारी इंडस्ट्री में किस तरह की करियर संभावनाएं हैं. स्क्रीन पर जितना दिखता है वही सब कुछ नहीं है और भी बहुत कुछ है करने के लिए. मैनेजर्स, असिस्टेंट डायरेक्टर्स आदि. मैं उन्हें यह समझने में मदद की कि किसी की उम्मीदों पर जीने के अलावा भी जीवन में बहुत कुछ है. किसी को आई कैंडी बने रहने की जरूरत नहीं है. लड़कियां उलझी हुई और खोखली हरगिज नहीं होतीं.'
कंगना ने लड़कियों से कहा, 'हमारी इंडस्ट्री में सुंदरता के बारे में बहुत बातें होती हैं. खासकर तब जब फीमेल ऐक्टर्स की बात आती है. यहां सिर्फ सुंदरता की ही पूछ होती है. लेकिन में यहां सिर्फ सुंदर दिखने नहीं आई हूं. ऐसा सिर्फ इंडस्ट्री ही नहीं बल्कि समाज में भी है. हर कोई यही मानता है कि लड़की हो तो सुंदर और सुशील ही दिखना चाहिए.'