महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव का ऐलान हो चुका है. 21 अक्टूबर को ठाणे जिले की 18 सीटों पर वोटिंग होगी. 2011 जनगणना के मुताबिक, ठाणे जिले की आबादी 1.11 करोड़ से ज्यादा है, जबकि औसत साक्षरता 84.53 फीसदी के करीब है. 18 विधानसभा सीटों से 274 उम्मीदवार दावेदारी पेश कर रहे हैं. वहीं, ठाणे विधानसभा सीट की बात करें तो यहां पिछले तीन दशक से बीजेपी-शिवसेना का राज रहा है.
बता दें कि 288 सदस्यीय महाराष्ट्र विधानसभा में भाजपा के 122, शिवसेना के 63, कांग्रेस के 42 और एनसीपी के 41 सदस्य हैं. वर्तमान विधानसभा का कार्यकाल 9 नवंबर को खत्म होगा. वहीं, 2019 विधानसभा चुनाव के परिणाम 24 अक्टूबर को आएंगे.
ठाणे जिले में ये विधानसभा सीटें हैं
भिवंडी ग्रामीण (एसटी), शाहपुर (एसटी), भिवंडी पश्चिम, भिवंडी पूर्व, कल्याण पश्चिम, मुरबाद, अंबरनाथ (एससी), उल्हासनगर, कल्याण पूर्व, डोंबिवली, कल्याण (ग्रामीण), मीरा-भयंदर, ओवला मजीवाड़ा, कोपरी-पचपखडी, ठाणे, मुंब्रा-कलावा, ऐरोली, बेलापुर.
बीजेपी-एमएनएस में सीधी लड़ाई
ठाणे विधानसभा सीट पर मुख्य मुकाबला भाजपा से वर्तमान विधायक संजय केलकर और मनसे के ठाणे-पालघर जिलाध्यक्ष अविनाश जाधव के बीच माना जा रहा है. यहां एनसीपी ने सुहास देसाई को टिकट दिया था, लेकिन आखिरी समय वह मैदान से बाहर हो गए. इस सीट पर एनसीपी एमएनएस को समर्थन दे रही है. इस सीट पर शिवसेना चुनाव लड़ना चाहती थी, लेकिन बीजेपी से उसकी बात बन नहीं पाई.
भेज दिया था इस्तीफा
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए होने वाले मतदान से पहले शिवसेना को बड़ा झटका लगा था. पार्टी से जुड़े 28 पार्षदों ने करीब 300 कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे को इस्तीफे भेज दिए थे. इन सभी नेताओं ने टिकट वितरण से नाखुश होकर यह कदम उठाया था.