BSE बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 11 अंक की गिरावट के साथ 40,420.29 पर खुला. इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 12 अंक की गिरावट के साथ 11,861 पर खुला.
त्योहारी सीजन के बाद कारोबार में कमी की आशंका को देखते हुए छोटे उद्यमी बैंकों से कर्ज लेने में दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं. यही वजह है कि पूरी तरह से सरकारी गारंटी वाले 3 लाख करोड़ रुपये के कर्ज का 65 फीसद भुगतान ही अब तक हो पाया है. जबकि 31 अक्टूबर को इस कर्ज की समय सीमा समाप्त हो रही है.
वित्तीय वर्ष 2020-21 (अप्रैल से अगस्त- 2020) के दौरान 35.73 बिलियन अमेरिकी डॉलर का कुल एफडीआई प्राप्त हुआ है. यह किसी वित्तीय वर्ष के पहले 5 महीनों में सबसे अधिक है और 2019-20 के पहले पांच महीनों (31.60 बिलियन अमेरिकी डॉलर) की तुलना में 13 फीसदी अधिक है.
दिग्गज एफएमसीजी कंपनी हिन्दुस्तान यूनिलीवर ने मंगलवार को सूचित किया कि 30 सितंबर, 2020 को समाप्त तिमाही कंपनी का एकीकृत शुद्ध लाभ सालाना आधार पर 8.58 फीसद के उछाल के साथ 1,974 करोड़ रुपये पर रहा.
मंगलवार को लाल निशान में खुला शेयर बाजार थोड़ी ही देर में पलटी मारते हुए हरे निशान में आ गया. कारोबार के अंत में सेंसेक्स 112.77 अंक की बढ़त के साथ 40,544.37 पर और निफ्टी 23.75 अंक की तेजी के साथ 11,896.80 पर बंद हुआ.
लगातार दो सत्रों में सपाट कारोबार के बाद मंगलवार को सोने की कीमतों में गिरावट देखी गई. वायदा बाजार में मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर गोल्ड अक्टूबर फ्यूचर 150 रुपये टूटकर 50,820 रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया. इसी तरह सिल्वर सितंबर फ्यूचर 258 रुपये टूटकर 61,837 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गया. हाजिर बाजार की बात करें तो 20 अक्टूबर को देशभर के सराफा बाजारों में 24 कैरेट गोल्ड 210 रुपये प्रति 10 ग्राम की गिरावट के साथ 50813 रुपये के स्तर पर खुला.

सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार इस वित्त वर्ष की सितंबर में खत्म दूसरी तिमाही में शहरी इलाकों में बेरोजगारी दर घटकर 8.4 फीसदी पर आ गई है. सांख्यिकी और कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय द्वारा जारी रिपोर्ट से यह बात सामने आयी है. एक साल पहले की समान अवधि में यह 8.9 फीसदी था.
सुबह लाल निशान में खुला शेयर बाजार संभल गया है. सुबह 9.30 बजे तक सेंसेक्स 168 अंकों की तेजी के साथ 40,599 पर पहुंच गया. इसी तरह निफ्टी 9.40 बजे तक निफ्टी 51 अंक की तेजी के साथ 11,924 तक पहुंच गया.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार ने अर्थव्यवस्था पर कोविड- 19 महामारी के प्रभाव और इससे सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में संभावित गिरावट का आकलन करना शुरू किया है. वित्त मंत्री ने आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिये एक राहत पैकेज दिये जाने की संभावनाओं को खारिज नहीं किया. एक बुक लॉन्च के मौके पर वित्त मंत्री ने यह बात कही.
