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बजट: फोकस में रफ्तार, वंदेभारत और गतिमान जैसी ट्रेनों का हो सकता है विस्तार

देश में वंदे भारत, गतिमान और तेजस एक्सप्रेस जैसी सेमी हाईस्पीड ट्रेनों का दौर आ गया है. पांच जुलाई को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश पूर्ण बजट में ऐसी ट्रेनें शुरू करने या उनको विस्तार देने के बारे में घोषणाएं की जा सकती हैं.

बजट में सेमी हाईस्पीड ट्रेनों की बढ़ सकती है संख्या बजट में सेमी हाईस्पीड ट्रेनों की बढ़ सकती है संख्या

मोदी सरकार रेलवे के आधुनिकीकरण, यात्री सुविधाओं को बढ़ाने केके साथ ही रफ्तार वाली रेलगाड़ियां चलाने पर जोर दे रही है. देश में बुलेट ट्रेन (हाई स्पीड ट्रेन) और वंदे भारत, गतिमान और तेजस एक्सप्रेस जैसी सेमी हाईस्पीड ट्रेनों का दौर आ गया है. अंतरिम बजट में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने वंदे भारत एक्सप्रेस चलाने की घोषणा की थी. पांच जुलाई को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश पूर्ण बजट में भी ऐसी ट्रेनें शुरू करने या उनको विस्तार देने के बारे में घोषणाएं की जा सकती हैं.

इसके अलावा यूपी में हाईस्पीड ट्रेनें चलाने के लिए 800 किमी लंबा एक अलग हाईस्पीड रेल कॉरिडोर बनाने की बात भी चल रही है. रेल बजट में इसके बारे में कोई घोषणा हो सकती है. इन सभी हाईस्पीड ट्रेनों की खूबी यह है कि इनमें रफ्तार तो है ही ये विश्वस्तरीय सुविधाओं या हवाई जहाज जैसी लक्जरी वाली हैं. हालांकि बुलेट ट्रेन अलग प्रोजेक्ट से संचालित होगी और उसका रेलवे से नाता नहीं है, इसलिए उसके बारे में कोई घोषणा बजट में शायद ही हो. अंतरिम बजट में पीयूष गोयल ने भारतीय रेलवे के लिए 64,587 करोड़ रुपये का बजटीय आवंटन किया था.

वंदे भारत का दम

अंतरिम बजट में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा था, 'वंदे भारत एक्सप्रेस भारतीय रेलवे  के यात्रियों को विश्व स्तरीय अनुभव के साथ गति, सेवा और सुरक्षा प्रदान करेगी.' वंदे भारत एक्सप्रेस या ट्रेन 18 पहली पूर्ण स्वदेश विकसित और निर्मित सेमी हाई स्पीड ट्रेन है. इसलिए वंदे भारत को बढ़ावा देने का मतलब है मेक इन इंडिया को बढ़ावा देना और नौकरियों का सृजन.

फिलहाल पहली वंदे भारत एक्सप्रेस नई दिल्ली से वाराणसी के बीच चलाई जा रही है. इसकी गति 130 किमी प्रति घंटे है. यह दिल्ली से वाराणसी की सिर्फ 8 घंटे में तय करती है. वंदेभारत की सफलता को देखते हुए अब इसे कई नई जगह से चलाने की मांग हो रही है, ऐसे में सबकी नजर नई वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के पूर्ण बजट पर है.

गतिमान एक्सप्रेस की गति

गतिमान एक्सप्रेस भारत की सबसे तेज चलने वाली ट्रेन है. इसकी गति 160 किमी प्रति घंटा है. यह ट्रेन दिल्ली से आगरा के बीच चलती है. यह दिल्ली से आगरा की दूरी करीब 100 मिनट में तय करती है. इस पर सबकी नजर होगी कि क्या इस बार के बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण गतिमान एक्सप्रेस ट्रेन के विस्तार या उसे अन्य जगहों से शुरू करने की घोषणा करती हैं. पहले ऐसी खबरें आ चुकी हैं कि रेलवे की योजना गतिमान एक्सप्रेस को कानपुर-दिल्ली, हैदराबाद-चेन्नई, नागपुर-बिलासपुर, गोवा-मुंबई और नागपुर-सिकंदराबाद रूट पर भी चलाने की है.

तेजस एक्सप्रेस के बारे में हो सकती है घोषणा

देश की एक और अनूठी ट्रेन तेजस एक्सप्रेस जुलाई के अंतिम में दिल्ली से लखनऊ के बीच शुरू हो सकती है. इसके बारे में बजट में कोई घोषणा हो सकती है और बजट से यह संकेत भी मिलेगा कि इसका कितना विस्तार होगा, इसे किसी और जगह से चलाया जाएगा या नहीं. तेजस एक्सप्रेस लखनऊ से दिल्ली का सफर सिर्फ 5.45 घंटे में पूरी करेगी. अभी लखनऊ से दिल्ली के बीच सबसे तेज शताब्दी है जो करीब सात घंटे में लखनऊ पहुंचाती है.

तेजस की घोषणा 2016 में तत्कालीन रेल मंत्री सुरेश प्रभु ही अपने कार्यकाल में कर चुके थे, लेकिन रैक न मिल पाने के कारण यह अभी तक नहीं चल पाई है. दिल्ली से चंडीगढ़ रूट पर भी तेजस एक्सप्रेस चलाए जाने की चर्चा है, लेकिन तस्वीर शायद इस बजट से साफ हो जाएगी.

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