होर्मुज संकट: फारस की खाड़ी में फंसे 7 भारतीय जहाज, 148 नाविकों की जान पर खतरा

वेस्ट एशिया में बढ़ते सैन्य तनाव का असर अब समुद्री व्यापार और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग पर भी साफ दिखाई देने लगा है. रणनीतिक रूप से अहम होर्मुज एक बार फिर वैश्विक चिंता का केंद्र बन गया है. इस बीच भारतीय जहाजों की सुरक्षा को लेकर भी निगरानी बढ़ा दी गई है.

Advertisement
ईरान-US तनाव के बीच जहाजों की सुरक्षा चिंता, हालात पर नजर रखे हुए सरकार. (File Photo: ITG) ईरान-US तनाव के बीच जहाजों की सुरक्षा चिंता, हालात पर नजर रखे हुए सरकार. (File Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 14 जुलाई 2026,
  • अपडेटेड 5:47 PM IST

अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर बढ़े सैन्य तनाव के बीच फारस की खाड़ी में भारतीय जहाजों की मौजूदगी चिंता का विषय बन गई है. एक सरकारी अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि इस समय फारस की खाड़ी में सात भारतीय झंडे वाले जहाज मौजूद हैं, जिन पर कुल 148 भारतीय नाविक सवार हैं.

PTI से बातचीत में उन्होंने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच हालिया सैन्य तनाव शुरू होने से पहले ही ये जहाज होर्मुज के पश्चिमी हिस्से में मौजूद थे. मौजूदा हालात को देखते हुए इनके फिलहाल फारस की खाड़ी से बाहर निकलने की संभावना नहीं है. भारतीय जहाज क्षेत्र में तनाव कम होने का इंतजार कर रहे हैं.

Advertisement

उनके मुताबिक, सात भारतीय झंडे वाले जहाजों में से पांच इस समय इलाके में व्यावसायिक गतिविधियों में लगे हुए हैं. उन्होंने कहा, "फारस की खाड़ी में सात भारतीय झंडे वाले जहाजों पर करीब 148 नाविक सवार हैं. मौजूदा हालात को देखते हुए वे अभी इस इलाके से बाहर निकलने की योजना नहीं बना रहे हैं."

2 जहाजों पर हमला, भारतीय की मौत

इस बीच 14 जुलाई की सुबह दो मर्चेंट जहाज MT अल बह्याह और MT मोम्बासा B पर हमला हुआ. यह हमला साइप्रस के झंडे वाले कंटेनर जहाज GFS गैलेक्सी पर ईरान के हमले के दो दिन बाद हुआ, जिसमें एक भारतीय क्रू मेंबर लापता हो गया था. MT अल बह्याह पर कुल 23 क्रू मेंबर सवार थे. 

इनमें 12 भारतीय, 6 फिलिपीनो, 3 रूसी, 1 मिस्र और 1 श्रीलंकाई नागरिक शामिल थे. वहीं MT मोम्बासा B पर भी 23 क्रू मेंबर थे. इनमें 17 भारतीय, 3 यूक्रेन और 3 जॉर्जिया के नागरिक सवार थे. सरकारी अधिकारी ने पुष्टि की है कि MT अल बह्याह पर सवार एक भारतीय क्रू मेंबर की मौत हो गई है.

Advertisement

ओमान के पास हुआ मिसाइल हमला

मंगलवार को ओमान के पास होर्मुज स्ट्रेट में UAE के दो शिपिंग टैंकरों मोम्बासा और अल बहियाह को ईरानी क्रूज मिसाइलों ने निशाना बनाया. हमले के बाद पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ गया है. UAE के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक दोनों टैंकर ओमानी जलक्षेत्र के भीतर होर्मुज की साउथ शिपिंग लेन से गुजर रहे थे.

उस समय उन दोनों टैंकरों पर दो ईरानी क्रूज मिसाइलें दागी गईं. मोम्बासा टैंकर पर सवार एक भारतीय क्रू मेंबर की मौत हो गई, जबकि आठ अन्य लोग घायल हुए हैं. घायलों में चार की हालत गंभीर बताई जा रही है. इस घायल लोगों में छह भारतीय और दो यूक्रेनी नागरिक शामिल हैं.

भारतीय दूतावास ने जताया दुख

UAE में भारतीय दूतावास ने भारतीय नाविक की मौत पर गहरा दुख जताया है. दूतावास ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि वह पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है. दूतावास ने कहा, "भारतीय नाविक के दुखद निधन पर हमें गहरा दुख है. हम स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में हैं."

UAE रक्षा मंत्रालय ने बताया कि मिसाइल हमले के बाद दोनों टैंकरों में आग लग गई थी. हालांकि बाद में आग पर काबू पा लिया गया. हमले में जहाजों को सामान का भी नुकसान पहुंचा है. UAE ने इस हमले को अंतरराष्ट्रीय कानून का गंभीर उल्लंघन बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »