ईरान पर इजरायल और अमेरिका ने भीषण हमला किया है. इजरायल ने ईरान के राष्ट्रपति भवन को निशाना बनाया है, इसके अलावा ईरानी खुफिया एजेंसी के हेडक्वार्टर को निशाना बनाया गया है. रिपोर्ट है कि ईरानी सरकार के कई अहम भवनों को निशाना बनाया गया है. रिपोर्ट के मुताबिक इस वक्त ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई तेहरान में नहीं है. उन्हें सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया है.
ईरान की सरकारी न्यूज एजेंसी तस्नीम ने कहा है कि ईरान के राष्ट्रपति भवन और सुप्रीम नेता अली खामेनेई के आवास पर 7 मिसाइल गिरे हैं. इससे काफी नुकसान हुआ है.
इजरायल और अमेरिका ने ईरान के जिन जगहों पर हमला किया है वो इस प्रकार हैं.
-रक्षा मंत्रालय
-खुफिया मुख्यालय
-सुप्रीम लीडर अली खामेनेई का ऑफिस
-एटॉमिक एनर्जी ऑफ ईरान
-परचीन
ईरान के किन किन शहरों पर हमला हुआ है
-तेहरान
-कॉम
-तबरेज
-करमनशाह
-कराज
-इस्फहान
युद्धपोत अब्राहम लिंकन से ईरान पर अमेरिका ने किया हमला
इरान पर अमेरिका ने अपने युद्धपोत अब्राहम लिंकन से ईरान पर हमले कर रहा है. इस हमले में अमेरिकी नौसेना और वायुसेना शामिल है.
इजरायली PM ने कहा- ये शेर की दहाड़
इजरायल ने ईरान पर कई मिसाइलें दागी हैं. हमले के बाद राजधानी तेहरान में कई स्थानों इमारतों से धुएं का गुबार निकलता हुआ दिखाई दे रहा है. इजरायल ने इस ऑपरेशन का नाम शील्ड ऑफ जुडा यानी कि यहूदी की ढाल रखा है. वहीं इजरायल के प्रधानमंत्री ने ईरान पर हमले को शेर की दहाड़ नाम दिया है.
अमेरिका ने कहा है कि उसके हमले अभी ईरान में जारी है. खबर है कि ईरान के कॉम शहर पर भी हमला भी किया गया है. इधर इजरायल ने एहतियान अपने शहरों में अलर्ट घोषित कर दिया है. इजरायल में सभी को घरों के अंदर जाने को कह दिया गया है. स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दिया गया है. इजरायल में अलर्ट सायरन बज रहे हैं.
ईरान गरजा- जंग शुरू तुमने की, खत्म हम करेंगे
इस बीच ईरानी संसद राष्ट्रीय सुरक्षा कमेटी के चेयरमैन ने इजरायल-अमेरिका को सीधी धमकी देते हुए कहा है कि ये लड़ाई तुमने शुरू की है, लेकिन इसे खत्म हम करेंगे. इस बीच ईरान ने कहा है कि इस हमले का जवाब में इजरायल को कुचल दिया जाएगा.
ईरान पर हमले के बाद इराक में भी अलर्ट घोषित कर दिया गया है और उसने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया गया है.
हमले के बाज ट्रंप का पहला बयान
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का ईरान पर हमले के बाद पहला बयान आया है. उन्होंने कहा है कि ईरान कभी भी परमाणु बम नहीं बना सकता है. ईरान को निशाना बनाना चाहता था. उन्होंने कहा कि ईरान लंबी दूरी की मिसाइलें विकसित कर रहा है, जिससे अमेरिका को भी खतरा है. और दूसरे देशों को भी खतरा है. ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी सेना ईरान पर भीषण आक्रमण कर रही है.
ट्रंप ने कहा कि पिछले 47 सालों से ईरानी सरकार "अमेरिका की मौत" जैसे नारे लगा रही है. ईरानी सरकार ने कई देशों में यूनाइटेड स्टेट्स, हमारी सेनाओं और बेगुनाह नागरिकों को निशाना बनाकर लगातार बड़े पैमाने पर हत्या का अभियान चलाया है. ईरान के सपोर्ट वाले ग्रुप्स ने 2000 में बेरूत में मरीन बैरक पर बमबारी की, जिसमें 241 अमेरिकी सैनिक मारे गए. ट्रंप ने कहा कि ईरानी सेना तत्काल सरेंडर करे. अन्यथा ईरानी सेना को खत्म कर दिया जाएगा.
सुमित चौधरी