उत्तर प्रदेश के बांदा में सरकारी कर्मचारियों पर हमले का सनसनीखेज मामला सामने आया है. यहां बिजली चोरी के मामले की जांच करने पहुंची बिजली विभाग की टीम पर दबंगों ने कथित तौर पर जानलेवा हमला कर दिया. आरोप है कि टीम के जूनियर इंजीनियर (JE) और कर्मचारियों को बंधक बनाकर गेट बंद कर दिया गया, फिर ईंट-पत्थरों, घूंसों और लातों से बेरहमी से पीटा गया. इस दौरान सरकारी काम में भी बाधा डाली गई.
बताया जा रहा है कि सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद बिजली विभाग की टीम को आरोपियों के कब्जे से बाहर निकाला. इस घटना में बिजली विभाग के दो जूनियर इंजीनियर और एक कर्मचारी घायल हुए हैं, जबकि टीम के तीन अन्य सदस्य सुरक्षित बच गए. घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.
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पुलिस ने मौके से कई लोगों को हिरासत में लिया है. पीड़ित अधिकारियों की तहरीर के आधार पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है. घटना के बाद सरकारी कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं.
IGRS शिकायत की जांच करने पहुंची थी टीम
पूरा मामला अतर्रा थाना क्षेत्र के बरहेन्डा गांव का है. जानकारी के मुताबिक, गांव के एक व्यक्ति के खिलाफ पहले से बिजली चोरी का मामला दर्ज है. संबंधित व्यक्ति की ओर से लगातार IGRS पोर्टल पर शिकायतें की जा रही थीं. इन्हीं शिकायतों के निस्तारण और जांच के लिए बिजली विभाग ने एक विशेष टीम गठित की थी.
बुधवार को तीन जूनियर इंजीनियर समेत विभाग के कई कर्मचारी गांव पहुंचे थे. पीड़ित जेई के मुताबिक टीम के पहुंचते ही गांव के एक दबंग व्यक्ति ने सबसे पहले अधिकारियों से पहचान पत्र (ID Card) दिखाने की मांग की. इसके बाद वह कथित तौर पर गाली-गलौज और धमकी देने लगा.
आरोप है कि कुछ ही देर में उसने अपने परिवार के अन्य लोगों को भी बुला लिया. इसके बाद बिजली विभाग की टीम को जबरन एक परिसर के अंदर बंधक बना लिया गया और गेट बंद कर दिया गया. इसके बाद टीम पर हमला शुरू कर दिया गया.
गेट बंद कर की गई बेरहमी से मारपीट
पीड़ित जेई का आरोप है कि आरोपियों ने उन्हें और उनकी टीम को ईंट-पत्थरों, घूंसों और लातों से जमकर पीटा. इस दौरान उनके कपड़े भी फाड़ दिए गए और जान से मारने की कोशिश की गई. हमले में दो जेई और एक कर्मचारी घायल हो गए, जबकि बाकी कर्मचारियों ने किसी तरह खुद को बचाया.
बिजली विभाग की टीम ने तत्काल पुलिस को सूचना दी. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और बंधक बनाए गए कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकाला. आरोप है कि पुलिस टीम के पहुंचने के बाद भी आरोपी अभद्रता और हंगामा करते रहे. पूरी घटना का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है.
पुलिस ने मौके पर सख्ती दिखाते हुए दबंगई कर रहे कई लोगों को हिरासत में लिया और उन्हें थाने ले जाकर पूछताछ शुरू कर दी. पीड़ित अधिकारियों की शिकायत के आधार पर गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है.
घायलों का मेडिकल, तीन आरोपी हिरासत में
अतर्रा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरविंद कुमार ने बताया कि बिजली विभाग की टीम बरहेन्डा गांव में जांच के लिए गई थी. इसी दौरान ग्रामीणों ने उन पर हमला कर दिया. घटना में तीन अधिकारी घायल हुए हैं, जिनका मेडिकल परीक्षण किया जा रहा है. आगे की कानूनी कार्रवाई पुलिस कर रही है.
वहीं, डीएसपी प्रतिज्ञा सिंह ने बताया कि अतर्रा थाना क्षेत्र के बरहेन्डा गांव में IGRS प्रार्थना पत्र की जांच करने पहुंची विद्युत विभाग की टीम के साथ गांव के कुछ लोगों ने सरकारी कार्य में बाधा डालते हुए अभद्रता और मारपीट की. इस संबंध में प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना अतर्रा में सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है.
डीएसपी ने बताया कि पुलिस ने अब तक तीन आरोपियों को हिरासत में लिया है. अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है और मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है. वायरल वीडियो को भी जांच का हिस्सा बनाया जा रहा है.
सिद्धार्थ गुप्ता