लखनऊ में नगर निगम की कांजी हाउस नीलामी के दौरान सपा और आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा और प्रदर्शन किया. पारा क्षेत्र में पुलिस टीम और दारोगा पर हुए हमले के बाद जब्त की गई 40 भैंसों की नीलामी को रोकने के लिए सपा विधायक अरमान खान अपने समर्थकों के साथ मौके पर पहुंचे. पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को खदेड़कर ईको गार्डन भेज दिया. वहीं दूसरी ओर, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पीड़ित पशुपालक परिवारों से मुलाकात कर समर्थन का आश्वासन दिया. इसके बावजूद नगर निगम ने 12.01 लाख रुपये की उच्चतम बोली में नीलामी पूरी कर ली.
अवैध डेयरियों पर कार्रवाई के बाद कांजी हाउस में बवाल
लखनऊ के ठाकुरगंज कांजी हाउस में नगर निगम ने सुबह 11 बजे से अवैध डेयरियों से जब्त पशुओं की नीलामी प्रक्रिया शुरू की थी. पारा क्षेत्र में 16 अगस्त को अतिक्रमण हटाने पहुंची पुलिस पर दारोगा से मारपीट का आरोप लगा था.
इसके बाद 17 और 18 अगस्त को अभियान चलाकर 241 भैंस, एक भैंसा और एक पड़िया जब्त कर कांजी हाउस भेजी गई थीं. दोपहर 1 बजे सपा यूथ ब्रिगेड और आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने बाहर से आए खरीदारों का विरोध करते हुए कांजी हाउस पर जमकर बवाल और प्रदर्शन शुरू कर दिया.
विधायक अरमान खान का धरना और पुलिस की कार्रवाई
हंगामे की सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली और प्रदर्शनकारियों को खदेड़ दिया. इसके बाद लखनऊ पश्चिम से सपा विधायक अरमान खान कार्यकर्ताओं के साथ पहुंचे और नगर निगम का घेराव कर धरने पर बैठ गए. विधायक ने अपर नगर आयुक्त डॉ. अरविंद कुमार राव को पत्र देकर नीलामी रोकने की मांग की. हालांकि, पुलिस ने विधायक और कार्यकर्ताओं को जबरन हटाकर बसों के जरिए ईको गार्डन भेज दिया. प्रदर्शन के दौरान सीतापुर से आए एक युवक के साथ मारपीट किए जाने का भी आरोप लगा है.
अखिलेश यादव का समर्थन और 12.01 लाख में नीलामी
दूसरी तरफ, समाजवादी पार्टी कार्यालय में अखिलेश यादव ने नगर निगम द्वारा भैंसों को उठाए जाने से प्रभावित लोगों से मुलाकात की. अखिलेश यादव ने परिजनों को हर संभव मदद देने और उनके साथ मजबूती से खड़े रहने का आश्वासन दिया. भारी विरोध और हंगामे के बीच नगर निगम ने नीलामी प्रक्रिया पूरी की. प्रति भैंस 21 हजार रुपये बेस प्राइस और 1 लाख 2 हजार रुपये जमा राशि के साथ कारोबारी मोहम्मद शाकिर ने 12.01 लाख रुपये की सबसे ऊंची बोली लगाकर 40 भैंसों की नीलामी अपने नाम कर ली.
आशीष श्रीवास्तव