'कभी-कभी दूरी आपको...', फिर एक हुए साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप, पोस्ट में कही ये बात

साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप की शादी साल 2018 में हुई थी. पारुपल्ली भी बैडमिंटन प्लेयर रह चुके हैं. साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप की मुलाकात साल 1997 में एक कैम्प के दौरान हुई थी.

Advertisement
साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप का पैचअप (Photo: Instagram/@nehwalsaina) साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप का पैचअप (Photo: Instagram/@nehwalsaina)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 02 अगस्त 2025,
  • अपडेटेड 7:47 PM IST

बैडमिंटन खिलाड़ी साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप के रिश्ते में एक बार फिर से मिठास लौट आई है. इस साल 16 जुलाई को साइना नेहवाल ने पोस्ट शेयर करके इस बात की घोषणा की थी कि वो पारुपल्ली कश्यप से अलग हो रहे हैं. लेकिन अब इस कपल ने यू-टर्न लिया है. साइना नेहवाल ने 2 अगस्त (शनिवार) को पोस्ट शेयक करके बताया कि दोनों फिर से साथ आए हैं.

Advertisement

यानी साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप ने 17 दिन में ही अपने फैसले से यू-टर्न ले लिया है. साइना नेहवाल ने इंस्टाग्राम पर पारुपल्ली कश्यप संग फोटो शेयर करते हुए लिखा, 'कभी-कभी दूरी आपको मौजूदगी की अहमियत सिखाती है. लीजिए, हम फिर से कोशिश कर रहे हैं.'

साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप की शादी लगभग 7 साल पहले हुई थी. पारुपल्ली कश्यप भी बैडमिंटन प्लेयर रह चुके हैं. साइना नेहवाल और पारुपल्ली कश्यप की मुलाकात साल 1997 में एक कैम्प के दौरान हुई थी. फिर दोनों ने हैदराबाद स्थित पुलेला गोपीचंद बैडमिंटन एकेडमी में ट्रेनिंग ली थी. धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं. लंबे समय तक रिलेशनशिप में रहने के बाद 2018 में साइना नेहवाल और पारुपल्ली ने शादी की.

कैसा रहा दोनों का बैडमिंटन करियर
जैसे ही साइना नेहवाल ने पोस्ट शेयर किया, सोशल मीडिया पर फैन्स और साथी खिलाड़ी उन्हें बधाइयां देने लगे. फैन्स का मानना था कि प्यार अगर सच्चा हो तो वापस जरूर आता है. साइना नेहवाल ने लंदन ओलंपिक (2012) में भारत के लिए कांस्य पदक जीता था. फिर वो साल 2015 में बैड​मिंटन रैंकिंग में पहले नंबर पर पहुंचीं. पहली बार भारत की किसी महिला बैडमिंटन खिलाड़ी ने ये उपलब्धि हासिल की थी.

Advertisement

उधर साल 2010 में दिल्ली में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स में कांस्य पदक जीतकर पारुपल्ली कश्यप सुर्खियों में आए थे. वह लंदन ओलंपिक (2012) में क्वार्टर फाइनल तक पहुंचे थे. वह यह उपलब्धि हासिल करने वाले पहले भारतीय पुरुष बैडमिंटन खिलाड़ी बने. पारुपल्ली कश्यप ने ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स (2014) में स्वर्ण पदक अपने नाम किया था.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »