कौन है ये अफगान गेंदबाज? जिसने टीम इंडिया के खिलाफ झटके 6 विकेट, ऐसा रहा है करियर

भारतीय टीम ने भले ही पहली पारी में विशाल स्कोर बनाकर मैच पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली हो, लेकिन इस मुकाबले ने अफगानिस्तान को एक नया हीरो जरूर दे दिया है. 23 वर्षीय मोहम्मद सलीम सफी ने अपनी शानदार गेंदबाजी से यह संदेश दे दिया है कि वो अफगानिस्तान की टीम के भविष्य हैं.

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मुल्लांपुर टेस्ट में चमके अफगानिस्तान के पेसर सलीम सफी... (Photo: BCCI) मुल्लांपुर टेस्ट में चमके अफगानिस्तान के पेसर सलीम सफी... (Photo: BCCI)

आजतक स्पोर्ट्स डेस्क

  • मुल्लांपुर,
  • 07 जून 2026,
  • अपडेटेड 3:50 PM IST

भारत और अफगानिस्तान के बीच मुल्लांपुर में खेले जा रहे एकमात्र टेस्ट में मेजबान टीम के बल्लेबाजों का दबदबा देखने को मिला. कप्तान शुभमन गिल और केएल राहुल के शानदार शतकों की बदौलत भारतीय टीम ने अपनी पहली पारी 564/8 के स्कोर पर घोषित कर दी. लेकिन इस बल्लेबाजी तूफान के बीच अफगानिस्तान का एक युवा तेज गेंदबाज ऐसा भी रहा, जिसने अपने प्रदर्शन से सबका ध्यान अपनी ओर खींचा.

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23 वर्षीय मोहम्मद सलीम सफी ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 140 रन देकर 6 विकेट झटके और इतिहास रच दिया. वह टेस्ट क्रिकेट में भारत के खिलाफ पांच विकेट लेने वाले अफगानिस्तान के पहले गेंदबाज बन गए. सलीम ने इससे पहले जो एक टेस्ट मैच खेला था, उसमें वो कोई विकेट नहीं ले पाए थे. अब उन्होंने अपने दूसरे टेस्ट मैच में यादगार प्रदर्शन किया है.

भारत के बल्लेबाजों ने अफगानिस्तान के गेंदबाजों पर लगातार दबाव बनाया. केएल राहुल ने शानदार शतक लगाया, जबकि कप्तान शुभमन गिल ने भी शतकीय पारी खेली. ऋषभ पंत और अन्य बल्लेबाजों ने भी तेजी से रन बटोरे, जिससे अफगानिस्तान के लिए मैच मुश्किल होता चला गया. हालांकि, इस मुश्किल परिस्थिति में मोहम्मद सलीम सफी ने हार नहीं मानी. उन्होंने लगातार अनुशासित गेंदबाजी की और भारतीय बल्लेबाजों को परेशान करने की कोशिश जारी रखी. भारत जैसी मजबूत बल्लेबाजी लाइन अप के खिलाफ छह विकेट लेना किसी भी युवा गेंदबाज के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जाती है. यही वजह है कि सलीम की इस गेंदबाजी की चर्चा हो रही है.

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मोहम्मद सलीम सफी का जन्म 9 सितंबर 2002 को अफगानिस्तान के बघलान में हुआ था. वह अपनी रफ्तार, नई गेंद से स्विंग कराने की क्षमता और लंबे स्पेल फेंकने की योग्यता के लिए जाने जाते हैं. सलीम ने 2019 में कुंदुज प्रांत की ओर से प्रथम श्रेणी क्रिकेट में पदार्पण किया था. घरेलू क्रिकेट में लगातार अच्छे प्रदर्शन के बाद उन्होंने लिस्ट-ए और टी20 क्रिकेट में भी अपनी पहचान बनाई. अमो रीजन और बूस्ट डिफेंडर्स जैसी टीमों के लिए खेलते हुए उन्होंने चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खींचा.
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मोहम्मद सलीम सफी उन चुनिंदा अफगान खिलाड़ियों में शामिल हैं जिन्होंने कम उम्र में ही तीनों फॉर्मेट में देश का प्रतिनिधित्व किया है. उन्होंने जुलाई 2023 में बांग्लादेश के खिलाफ ODI क्रिकेट में डेब्यू किया. इसके बाद जनवरी 2024 में भारत के खिलाफ टी20I मुकाबला खेला और फरवरी 2024 में श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू किया. हालांकि उनका टेस्ट डेब्यू यादगार नहीं रहा था और वह विकेट लेने में सफल नहीं हुए थे, लेकिन मुल्लांपुर में उन्होंने दिखा दिया कि वह बड़े मंच पर प्रभाव छोड़ने का माद्दा रखते हैं.

दाएं हाथ के तेज गेंदबाज मोहम्मद सलीम सफी ने अफगानिस्तान के  लिए 2 टेस्ट, 2 ओडीआई और एक टी20 इंटरनेशनल मुकाबला खेला है. इस दौरान उन्होंने टेस्ट में 6 विकेट झटके हैं. जबकि ओडीआई और टी20 इंटरनेशनल में उन्होंने अब तक कोई विकेट नहीं चटकाया है.

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अफगानिस्तान की पहचान लंबे समय तक स्पिन गेंदबाजों की टीम के रूप में रही है. राशिद खान, मुजीब उर रहमान और मोहम्मद नबी जैसे स्पिनरों ने टीम को विश्व क्रिकेट में पहचान दिलाई. लेकिन मोहम्मद सलीम सफी जैसे युवा तेज गेंदबाजों का उभरना अफगान क्रिकेट के लिए बेहद सकारात्मक संकेत है.

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