उत्तराखंड के चमोली जिले में पिछले 24 घंटों से हो रही भारी बारिश ने एक बार फिर तबाही मचा दी है. मूसलाधार बारिश के कारण पहाड़ी से भारी मलबा और पत्थर गिरने की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे बाजार क्षेत्रों में कई दुकानों को नुकसान हुआ है. वहीं, मलबे की चपेट में आने से कई वाहन भी क्षतिग्रस्त हुए हैं. स्थानीय प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य तेज कर दिया है.
दरअसल, चमोली जिले के नारायणबगड़ विकासखंड में बीती रात मूसलाधार बारिश के चलते पहाड़ी से भारी मलबा और बोल्डर (पत्थर) अचानक बाजार में गिरने से अफरा-तफरी मच गई. कई दुकानें और वाहन मलबे में दबने से स्थानीय व्यापारियों और वाहन स्वामियों को भारी नुकसान हुआ है.
इस आपदा की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और राहत बचाव दल तुरंत एक्शन में आए और शुक्रवार तड़के ही प्रशासनिक टीमें मौके पर पहुंच गईं. मलबे को हटाने का कार्य शुरू कर दिया गया है. हालांकि, गनीमत रही कि देर रात हुई इस घटना के समय बाजार बंद था, जिससे किसी तरह की जनहानि की खबर नहीं है.
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 26-27 जून को चमोली, पिथौरागढ़ और बागेश्वर समेत उत्तराखंड के कई जिलों में भारी बारिश की संभावना है. ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और यात्रा से बचने की सलाह है. बता दें कि उत्तराखंड के हिमालयी जिलों में मॉनसून के दौरान भूस्खलन और मलबा गिरने की घटनाएं सामने आती हैं. हालांकि, उत्तराखंड में अभी मॉनसून की एंट्री नहीं हुई है लेकिन प्री मॉनसून बारिश जारी है.
कमल नयन सिलोड़ी