BRS के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव ने तेलंगाना में किसानों के मुद्दे को लेकर मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी पर निशाना साधा है. KTR ने आरोप लगाया है कि रेवंत रेड्डी की सरकार किसानों के हितों की रक्षा करने में नाकाम रही है. उन्होंने जुराला और कलवाकुर्थी सिंचाई परियोजनाओं में पानी की कमी का भी दावा किया.
BRS नेता KTR ने पूर्व मंत्रियों सिंगिरेड्डी निरंजन रेड्डी, सबिता इंद्रा रेड्डी और श्रीनिवास गौड़ और पूर्व विधायकों के साथ वनापर्थी ज़िले में पेब्बेरू सब-स्टेशन से सुभाष चौरास्ता तक एक रैली में हिस्सा लिया. इस दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि अनियमित बिजली सप्लाई और सिंचाई की पर्याप्त सुविधाओं की कमी के कारण किसानों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
किसानों के 5-6 घंटे भी बिजली नहीं मिलती: KTR
उन्होंने कहा कि गुम्माडम और पेब्बेरू के किसानों ने उन्हें बताया कि उन्हें दिन में 5-6 घंटे भी बिजली ठीक से नहीं मिलती. जबकि अधिकारी 12 घंटे बिजली सप्लाई का दावा करते हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि दिन में 10 से 12 बार बिजली कटती है, जिससे स्टार्टर और मोटर जल जाते हैं.
KTR ने मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी पर किसानों की अनदेखी करने का आरोप लगाया. उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों को जुराला आयाकट परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. KTR ने दावा किया कि जुराला के तहत केवल 18 TMC पानी छोड़ा गया है. उन्होंने यह भी कहा कि कलवाकुर्थी लिफ्ट सिंचाई पंप ठीक से नहीं चलाए जा रहे हैं और कलवाकुर्थी परियोजना के तहत 10 TMC से ज़्यादा पानी की सप्लाई नहीं की गई.
BRS किसानों के हित के लिए लड़ेगी: KTR
KTR ने दावा किया कि कृष्णा नदी में 248 TMC पानी पहुंचा है, लेकिन आंध्र प्रदेश अपने हिस्से का पानी ले रहा है और तेलंगाना के किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. उन्होंने कहा कि जुराला आयाकट करीब 1.10 लाख एकड़ में फैला है और BRS एक भी एकड़ जमीन को सूखने नहीं देगी. KTR ने कहा कि उनकी पार्टी किसानों के हितों के लिए आवाज उठाती रहेगी.
KTR ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार तीन मौकों पर 'रायतू बंधु' पेमेंट करने में नाकाम रही है और 'रायतू बीमा' प्रीमियम का भुगतान भी नहीं किया है. उनका कहना है कि इससे किसानों को परेशानी हुई है.
KTR ने पलामुरु-रंगा रेड्डी लिफ्ट सिंचाई योजना का ज़िक्र करते हुए दावा किया कि पिछली BRS सरकार के दौरान परियोजना का 90% काम पूरा हो चुका था. उन्होंने मौजूदा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि इसमें सरकार इसलिए देरी कर रही है क्योंकि वह नहीं चाहती कि इसका श्रेय पूर्व मुख्यमंत्री KCR को मिले. KTR का कहना है कि तेलंगाना सरकार कर्नाटक सरकार के सात बातचीत करे और किसानों के हित में पानी छोड़ने की व्यवस्था करे.
अब्दुल बशीर