भारत में लोग 47 डिग्री की झुलसा देने वाली गर्मी से परेशान हैं. दिल्ली, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में सड़कों पर दोपहर में निकलना मुश्किल हो चुका है. लू, हीटवेव और बिजली कटौती के बीच लोगों की हालत खराब है. लेकिन दूसरी तरफ ब्रिटेन में 34 डिग्री तापमान ने ही लोगों को बेहाल कर दिया है. वहां मई महीने में 82 साल का रिकॉर्ड टूट गया है और सरकार को हीट हेल्थ अलर्ट जारी करना पड़ा है.
भारत में हर साल मई-जून की गर्मी लोगों के लिए किसी परीक्षा से कम नहीं होती. राजस्थान के कई इलाकों में तापमान 47 डिग्री के पार पहुंच चुका है. दिल्ली में सड़कें दोपहर में सूनी नजर आती हैं. अस्पतालों में हीटस्ट्रोक और डिहाइड्रेशन के मरीज बढ़ रहे हैं.
भारत में गर्मी अब सिर्फ असुविधा नहीं, बल्कि एक बड़ी स्वास्थ्य और आर्थिक चुनौती बन चुकी है. मजदूरों, रिक्शा चालकों और खुले में काम करने वाले लोगों के लिए यह मौसम सबसे ज्यादा मुश्किल साबित हो रहा है.
कई राज्यों में अलर्ट!
भारत में नौतपा की शुरुआत 25 मई से हो चुकी है. इसके साथ ही देश के कई राज्यों में भीषण गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया हैं. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राजस्थान, महाराष्ट्र, दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश सहित कई राज्यों में हीटवेव और सीवियर हीटवेव का अलर्ट जारी किया है. मौसम विभाग के मुताबिक, नौतपा इस बार लोगों पर भारी पड़ सकता है और अगले कुछ दिनों तक तापमान से राहत मिलने की कोई उम्मीद नहीं है.
IMD की रिर्पोट के मुताबिक, सबसे ज्यादा असर महाराष्ट्र में देखा जा रहा है. विदर्भ इलाके के चंद्रपुर जिले का ब्रह्मपुरी सोमवार को देश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां 47.6°C तापमान दर्ज किया गया. नागपुर में 46.5°C, भंडारा और गढ़चिरौली में 46.4°C, गोंदिया में 46.1°C, जबकि चंद्रपुर और वर्धा में 46°C तापमान रिकॉर्ड किया गया. अकोला में 45.4°C और अमरावती में 45°C तापमान रहा.
सोमवार, 25 मई को भारत का मौसम एक ही वक्त पर तेज और शांत, दोनों तरह का था. यह इस बात पर निर्भर करता था कि आप कहां खड़े थे. नॉर्थ इंडिया में गर्मी बहुत ज्यादा थी और आसमान सूखा था. पूर्वोत्तर और दक्षिणी तट के इलाकों में इतनी जोर की बारिश हुई कि सड़कें पानी से भर गईं. यह दिन 2026 के तेज और अनिश्चित मौसमों के सिलसिले को आगे बढ़ाता रहा और मंगलवार को भी यही सिलसिला जारी रहने की उम्मीद जताई गई.
यूके में गर्मी से बेहाल जनता
यूके में मई महीने का अब तक का सबसे ज्यादा तापमान रिकॉर्ड किया गया है. सोमवार को लंदन के कुछ हिस्सों में तापमान 34.8°C तक पहुंच गया. क्यू गार्डन्स में रिकॉर्ड किया गया यह शुरुआती आंकड़ा, अब तक के सबसे गर्म 'बैंक हॉलिडे सोमवार' के रिकॉर्ड को भी तोड़ देता है. इससे पहले अगस्त 2019 के बैंक हॉलिडे पर तापमान 33.3°C था.
वेल्स में भी मई महीने का अब तक का सबसे गर्म दिन रहा, जहां फ्लिंटशायर के हावर्डन एयरपोर्ट पर तापमान 32.2°C तक पहुंच गया.
देश में मौसम से जुड़ी एजेंसी मेट ऑफिस ने कहा, "यूके में इतनी गर्मी तो गर्मियों के बीच में भी असाधारण मानी जाती, मई के महीने में तो यह और भी ज्यादा हैरानी की बात है."
यूके में मंगलवार को तापमान के और बढ़ने की उम्मीद है. मौसम विभाग ने इंग्लैंड के कुछ हिस्सों में तापमान 35°C तक पहुंचने की चेतावनी जारी की है. रविवार को UK में मई महीने की अब तक की सबसे गर्म रात रिकॉर्ड की गई, जब लंदन में तापमान 19.4°C तक पहुंच गया.
मेट ऑफिस के मुताबिक, इस हफ्ते के मौसम के चलते मई महीने के कुल 12 रिकॉर्ड-उच्च तापमानों में से आधे से ज्यादा (यानी 7 रिकॉर्ड) साल 2003 के बाद ही बने हैं.
यह भी पढ़ें: लो आ गई तारीख... जानें कब मिलेगी इस भीषण गर्मी से राहत, IMD ने बताया इस दिन से बदलेगा मौसम
बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, मेट ऑफिस के मुख्य ऑपरेशनल मौसम विज्ञानी डैन सूरी ने बताया कि तापमान में यह असाधारण बढ़ोतरी 'यूके के पास बने एक 'हाई-प्रेशर' क्षेत्र के नीचे जमा हो रही गर्मी के प्रभाव' की वजह से हुई है.
मई महीने के आखिर में औसत तापमान 14-20°C के बीच रहता है.
शुक्रवार को UK की स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी ने साल 2026 का अपना पहला 'एम्बर-हीट हेल्थ अलर्ट' जारी किया. यह अलर्ट इंग्लैंड के एक बड़े हिस्से पर लागू होता है, जिसमें वेस्ट मिडलैंड्स, ईस्ट मिडलैंड्स, ईस्ट ऑफ़ इंग्लैंड, साउथ ईस्ट और लंदन शामिल हैं. नॉर्थ ईस्ट, नॉर्थ वेस्ट, साउथ वेस्ट, यॉर्कशायर और हंबर क्षेत्र 'येलो अलर्ट' के दायरे में हैं. ये दोनों अलर्ट बुधवार को शाम 5:00 बजे (BST) तक लागू रहेंगे.
मेट ऑफिस की 'स्टेट ऑफ द UK क्लाइमेट' रिपोर्ट के मुताबिक, 1961-1990 के औसत की तुलना में हाल के दशक में यूके में 28°C से ज्यादा तापमान वाले दिनों की संख्या दोगुनी से भी ज्यादा हो गई है और 30°C से ज्यादा तापमान वाले दिनों की संख्या तीन गुनी से भी ज्यादा हो गई है.
aajtak.in