हीटवेव की सीमा तब पूरी होती है जब किसी मौसम केंद्र का अधिकतम तापमान मैदानी इलाकों में कम से कम 40 डिग्री सेल्सियस, तटीय इलाकों में 37 डिग्री और पहाड़ी इलाकों में 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है और सामान्य से कम से कम 4.5 डिग्री सेल्सियस अधिक होता है. गर्मी के मौसम में जब मैदानी इलाकों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे ऊपर होता है तब हवा काफी गर्म हो जाती है, जिसके कारण लू लगने का खतरा बना रहता है (Heatwaves).
इस मौसम में भारत के दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में हीटवेव का खतरा बना रहता है. भारतीय मौसम विभाग (IMD) इस बीच रेड अलर्ट जारी करता रहता है.
दिल्ली, चंडीगढ़ और इन राज्यों के अन्य प्रमुख शहरों में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाती है.
दिल्ली में मौसम ने करवट बदली है. शनिवार के बाद अब रविवार के लिए भी येलो अलर्ट जारी किया गया है. रविवार और सोमवार को बारिश और तेज हवाओं की संभावना है. उत्तराखंड में 4 से 6 मई तक ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी है, जबकि पंजाब के कुछ हिस्सों में आंधी और तूफान की स्थिति बनी हुई है.
Air Conditioning Risks: तेज गर्मी में AC आराम तो देता है लेकिन वही AC अगर बहुत ठंडा हो, हवा बहुत सूखी हो या मशीन गंदी हो, तो शरीर पर उल्टा असर डाल सकता है. डॉक्टरों के मुताबिक इससे कई समस्याएं हो सकतीहैं.
गर्मी सिर्फ तापमान का खेल नहीं रही. हवा में बढ़ती नमी इसे और खतरनाक बना रही है. चेन्नई जैसी घटनाएं चेतावनी हैं कि अब हीटवेव को समझने का तरीका बदलना होगा, वरना आने वाले समय में यह चुपचाप और ज्यादा जानलेवा साबित हो सकती है.
इस बार गर्मी की तीव्रता पर ज्यादा चर्चा है. अप्रैल के अंत में ही देश के कई हिस्सों में भारी गर्मी पड़ रही है. लोग पेड़ों की कमी को इसका कारण बता रहे हैं. लेकिन UN रिपोर्ट के अनुसार भारत पिछले वर्षों में वन क्षेत्र बढ़ाने वाले टॉप देशों में शामिल है. दुनिया की तुलना में भारत कम गर्म हुआ है (0.5-1°C प्रति दशक). पेड़ लगाना अब भी जरूरी है.
UP Weather and Heat Wave: उत्तर प्रदेश के बांदा में 47.6 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ अप्रैल की गर्मी ने 75 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. इस बीच IMD ने पूर्वी उत्तर प्रदेश में चक्रवाती हवा और पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम में बदलाव होने और भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलने की संभावना जताई है, लेकिन मई में तापमान फिर बढ़ने की आशंका है.
भारत इन दिनों भीषण गर्मी से जूझ रहा है, वहीं चीन में भारी बारिश और बाढ़ आ रही है. चीन के ग्वांग्शी प्रांत के क्विनझाउ में 8 घंटे में 273 मिलीमीटर बारिश हुई, जिससे सड़कें और गाड़ियां डूब गईं. एक ही समय में एशिया के दो बड़े देशों में इतना उल्टा मौसम क्यों? जलवायु परिवर्तन के कारण चरम मौसमी घटनाएं बढ़ रही हैं.
India's New Inflation Risk: भारत में महंगाई बढ़ने का जोखिम है. एक्सपर्ट ने आशंका जताई है कि देश की महंगाई दर RBI के तय दायरे से ऊपर निकलकर 5 फीसदी का स्तर पार कर सकती है.
देश के कई राज्य इन दिनों भीषण गर्मी और लू की चपेट में हैं. भारत के सबसे ज्यादा गर्म शहरों की बात करें तो महाराष्ट्र के अकोला में 46.9 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया है. पूरा शहर गर्म तंदूर बना हुआ है. हालात इतने भयावह हैं कि महज 20 से 22 मिनट में तेज धूप में तवे और पत्थर की सतह पर डोसा तक पकाया जा सकता है.
How to Protect from Heat: देश के कई राज्यों में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया है, जिससे लू और हीटस्ट्रोक का खतरा बढ़ गया है. केंद्र सरकार ने लू और गर्मी से बचाव के लिए एडवाइजरी जारी की है. जिसमें शरीर को हाइड्रेट रखना, हल्के कपड़े पहनना, तेज धूप में बाहर निकलने से बचना और सही खान-पान जैसे उपाय बताए गए हैं.
गर्मी और लू के थपेड़ों के बीच सिर्फ '8 गिलास पानी' का पुराना फॉर्मूला अब बेअसर साबित हो रहा है. एक्सपर्ट्स अब शरीर के वजन और जरूरत के हिसाब से कस्टमाइज्ड हाइड्रेशन की सलाह दे रहे हैं.
देश के शहर अप्रैल में ही आग की भट्टी बन गए हैं. हीटवेव का असर उत्तरी, मध्य और पूर्वी क्षेत्र के बड़े हिस्से पर पड़ रहा है. उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और ओडिशा में तापमान सामान्य से काफी ऊपर चला गया है. अभी से ही भीषण लू चलने लगी है. देखें वीडियो.
भीषण गर्मी में ज्योतिरादित्य सिंधिया का प्याज वाला नुस्खा वायरल है. हालांकि, विज्ञान कहता है कि जेब में प्याज रखने से लू से बचाव का कोई सीधा प्रमाण नहीं है. इस बारे में डॉक्टर क्या सलाह देते हैं, इस बारे में जानेंगे.
भीषण गर्मी के बीच केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने एसी से बचने और जेब में प्याज़ रखने की सलाह दी है. देश में 40-46° सेल्सियस तापमान के बीच लू का खतरा बढ़ा है.
2050 तक शहरों में खतरनाक गर्मी से प्रभावित गरीबों की संख्या 700% बढ़ जाएगी. ग्लोबल साउथ के शहरों में अर्बन हीट आइलैंड से तापमान 10 डिग्री तक चढ़ रहा है. काम-धंधा, स्कूल और स्वास्थ्य सेवाएं ठप हो रही हैं. हरे बुनियादी ढांचे और सस्टेनेबल कूलिंग अपनाकर शहर बच सकते हैं. तुरंत कार्रवाई न हुई तो लाखों गरीबों की जानें और अर्थव्यवस्था खतरे में हैं.
दिल्ली में बढ़ती गर्मी को देखते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्कूलों को हीटवेव से बचाव के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं. स्कूलों को सुरक्षित पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करने, वॉटर बेल सिस्टम लागू करने और जागरूकता कक्षाएं आयोजित करने के लिए कहा गया है.
मौसम विभाग (IMD) और हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, कुछ सावधानी बरतकर हीटवेव से आसानी से बचा जा सकता है. आइए जानते हैं आसान सुझाव.
Heat Alert: अप्रैल के आखिरी हफ्ते में दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ और ओडिशा में तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि इन राज्यों में दिन का तापमान सामान्य से 4-5 डिग्री अधिक रहेगा और रातें भी गर्म रहेंगी.
Hottest Cities of India: अप्रैल 2026 में भारत के कई हिस्सों में भीषण गर्मी और हीटवेव ने तापमान को 44 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंचा दिया है. ओडिशा के झारसुगुड़ा और उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में सबसे अधिक तापमान दर्ज किया गया है. IMD ने उत्तर प्रदेश, ओडिशा, राजस्थान, मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में लू और गर्मी की चेतावनी जारी की है.
IMD Heat Wave Warning: मौसम विभाग ने अगले चार-पांच दिनों तक लू और हीटवेव की स्थिति बनी रहने की संभावना जताई है. पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश, विदर्भ, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल, बिहार और झारखंड में लू का अलर्ट है. वहीं, गर्मी से बेहाल दक्षिण बंगाल में भी तापमान सामान्य से कई डिग्री अधिक दर्ज किया गया है.
Delhi Weather: दिल्ली में भीषण गर्मी को लेकर मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी करते हुए लू से सावधान रहने की सलाह दी है. वहीं, शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स(AQI) भी खराब श्रेणी में पहुंच गया है. दिल्ली में अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है और फिलहाल बारिश की कोई उम्मीद नहीं है.
नई गाइडलाइंस में सबसे दिलचस्प और जरूरी हिस्सा 'वॉटर बेल' का है. अब हर 45 से 60 मिनट में स्कूल की घंटी बजेगी, जिसका उद्देश्य केवल बच्चों को पानी पीने की याद दिलाना होगा. मुख्यमंत्री ने साफ निर्देश दिए हैं कि भीषण गर्मी में पढ़ाई के बोझ के बीच बच्चा पानी पीना न भूले, इसके लिए स्कूल को ये पहल करनी होगी.