इंदौर सोनम रघुवंशी केस को लोग भूले भी नहीं थे कि महाराष्ट्र के पुणे जिले से भी ठीक उसी तरह का एक मामाला सामने आया है. अंतर सिर्फ इतना था कि सोनम शादी के बाद हनीमून पर पति को मारने का आरोप लगा लेकिन यहां शादी की तैयारियों के बीच बर्थडे मनाने के लिए पहाड़ पर ले जाकर 350 फीट गहरी खाई में ढकेल दिया. अचानक हुई मौत को पहले हादसा माना गया और फिर जांच ने पूरी कहानी को नए मोड़ पर ला खड़ा किया.
लोहागढ़ किले में 24 वर्षीय केतन अग्रवाल की मौत को शुरुआत में एक दुर्घटना बताया गया था. कहा गया कि ट्रेकिंग के दौरान फोटो खींचते समय उनका संतुलन बिगड़ गया और वह 350 फीट गहरी खाई में गिर गए. परिवार सदमे में था, लेकिन उसे यह तसल्ली थी कि यह एक दुर्भाग्यपूर्ण हादसा था. मगर जैसे-जैसे पुलिस जांच आगे बढ़ी, तस्वीर बदलती चली गई. मोबाइल रिकॉर्ड, सोशल मीडिया की पड़ताल और जांच के बाद पुलिस अब इस मामले को कथित हत्या की साजिश के रूप में देख रही है. जांच के केंद्र में केतन की मंगेतर सिया गोयल और चेतन चौधरी नाम का युवक हैं.
अगले महीने होनी थी शादी
केतन अग्रवाल की जिंदगी में यह समय खुशियों का था. परिवार के मुताबिक अगले महीने उनकी शादी होने वाली थी. घर में तैयारियां चल रही थीं. रिश्तेदारों को सूचनाएं दी जा रही थीं. भविष्य की योजनाएं बन रही थीं. जानकारी के अनुसार परिवार ने जयपुर में भव्य शादी की तैयारी की थी. एक पैलेस बुक किया गया था. मेहमानों के स्वागत और ठहरने की व्यवस्था की जा रही थी. हर कोई शादी का इंतजार कर रहा था. किसी ने नहीं सोचा था कि शादी की तैयारियों के बीच अचानक मौत की खबर आ जाएगी.
जन्मदिन को खास बनाने की तैयारी
परिजनों के अनुसार केतन अपनी मंगेतर के जन्मदिन को लेकर भी बेहद उत्साहित थे. 19 जून को जन्मदिन था. उससे पहले और बाद के लिए कई योजनाएं बनाई गई थीं. परिवार के एक सदस्य ने बताया कि महाबलेश्वर के एक लग्जरी रिसॉर्ट में जन्मदिन समारोह की तैयारी की गई थी. इसके लिए करीब 40 कमरे बुक किए गए थे. यानी एक तरफ शादी की तैयारियां थीं और दूसरी तरफ जन्मदिन का जश्न. लेकिन इन तैयारियों के बीच जो हुआ, उसने पूरे परिवार को तोड़ दिया.
बाली ट्रिप की भी थी योजना
परिवार के मुताबिक शादी से पहले केतन और सिया की बाली यात्रा भी तय थी. सभी व्यवस्थाएं पूरी हो चुकी थीं. टिकट और अन्य तैयारियां कर ली गई थीं. लेकिन यात्रा के दौरान अचानक सिया ने कथित तौर पर कहा कि उसका पासपोर्ट खो गया है. इसके बाद पूरी यात्रा रद्द करनी पड़ी. उस समय इसे एक सामान्य घटना माना गया, लेकिन बाद में जांच के दौरान यह घटनाक्रम भी चर्चा में आ गया. जांच अधिकारियों का दावा है कि जिस होटल में दोनों नाश्ते के लिए रुके थे, वहां सिया ने कथित तौर पर अपना पासपोर्ट फाड़कर फेंक दिया था. पुलिस इसी दावे की भी जांच कर रही है.
लोहागढ़ किले पर शुरू हुई कहानी
पुलिस जांच के अनुसार घटनाक्रम की शुरुआत 31 मई से जुड़ती है. बताया गया है कि उस दिन केतन अग्रवाल और सिया गोयल ट्रेकिंग के लिए लोहागढ़ किले गए थे. जांच में दावा किया गया है कि इसी दौरान कथित तौर पर केतन को रास्ते से हटाने की योजना बनी. हालांकि इन दावों की पुष्टि अदालत की प्रक्रिया के बाद ही होगी, लेकिन पुलिस अपनी जांच में इसी दिशा में आगे बढ़ रही है.
14 जून की कथित कोशिश
पुलिस के अनुसार 14 जून को भी कथित तौर पर एक प्रयास किया गया था. जांच में कहा गया है कि उस दिन केतन को फिर लोहागढ़ ले जाया गया. आरोप है कि सांप का डर दिखाकर उन्हें घाटी की ओर ले जाने की कोशिश की गई. पुलिस का दावा है कि उस समय योजना सफल नहीं हो सकी. केतन को किसी तरह का संदेह नहीं हुआ और वह सुरक्षित लौट आए. लेकिन जांच एजेंसियों का कहना है कि केस यहीं समाप्त नहीं हुआ.
19 जून और मौत का दिन
19 जून का दिन इस पूरे मामले का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है. पुलिस के अनुसार उस दिन फिर लोहागढ़ ट्रेक की योजना बनाई गई. जांच में दावा किया गया है कि चेतन चौधरी को भी मौके पर बुलाया गया था. इसके बाद जो हुआ, उसने पूरे मामले को बदल दिया. आरोप है कि केतन अग्रवाल को किले से नीचे धक्का दिया गया, जिससे वह करीब 350 फीट गहरी खाई में जा गिरे और उनकी मौत हो गई. घटना के तुरंत बाद इसे एक दुर्घटना माना गया. क्योंकि लोहागढ़ किला ट्रेकिंग और पर्यटन के लिए प्रसिद्ध है. यहां बड़ी संख्या में लोग आते हैं. प्रारंभिक स्तर पर यह माना गया कि फोटो खींचते समय या चलते हुए संतुलन बिगड़ने से केतन खाई में गिर गए होंगे. लगभग 350 फीट की ऊंचाई से गिरने के कारण उन्हें गंभीर चोटें आईं और उनकी मौत हो गई. परिवार और पुलिस दोनों शुरुआती दौर में इसी दिशा में सोच रहे थे. लेकिन बाद की जांच ने तस्वीर बदल दी.
जांच में क्यों बदला एंगल?
पुलिस अधिकारियों के अनुसार जांच के दौरान कुछ बातें संदिग्ध लगीं. बताया गया कि कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां साझा नहीं की जा रही थीं. इसके बाद पुलिस ने तकनीकी जांच शुरू की. मोबाइल फोन रिकॉर्ड, कॉल डिटेल, सोशल मीडिया गतिविधियों और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की गई. इन्हीं जांचों के दौरान कथित तौर पर कुछ ऐसे तथ्य सामने आए जिनके बाद मामला सिर्फ हादसे तक सीमित नहीं रहा.
प्रेम संबंध का दावा
जांच के दौरान पुलिस को कथित तौर पर यह जानकारी मिली कि सिया गोयल और चेतन चौधरी के बीच संबंध थे. इसी आधार पर पुलिस ने दोनों की भूमिका की जांच शुरू की. पुलिस का आरोप है कि केतन को अपने रिश्ते में बाधा मानते हुए कथित साजिश रची गई. हालांकि इन आरोपों की अंतिम पुष्टि अदालत में सुनवाई और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी.
परिवार को लगा बड़ा झटका
परिवार के लिए सबसे बड़ा झटका यही था कि जिस मौत को वे हादसा मान रहे थे, वह अब हत्या की जांच के दायरे में आ गई. रिश्तेदारों के अनुसार परिवार को विश्वास नहीं हो रहा था कि जिस रिश्ते पर भरोसा करके शादी की तैयारी की जा रही थी, उसी रिश्ते से जुड़े लोग अब जांच के केंद्र में हैं. परिवार ने यह भी बताया कि पहले लोहागढ़ में प्री-वेडिंग फोटोशूट की योजना बनाई गई थी. यानी यह स्थान दोनों के लिए नया नहीं था. इसी वजह से जांच एजेंसियां घटनाक्रम की पूरी टाइमलाइन तैयार कर रही हैं और हर कड़ी को जोड़ने की कोशिश कर रही हैं.
पुलिस हिरासत में दोनों आरोपी
पुणे ग्रामीण पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए चेतन चौधरी को तड़के करीब 2 बजे हिरासत में लिया. इसके बाद सुबह लगभग 7 बजे सिया गोयल को भी हिरासत में ले लिया गया. पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है और पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है.
ओमकार