जब भी हम और आप कॉलेज हॉस्टल की कल्पना करते हैं, तो दिमाग में क्या आता है? चार-पांच मंजिला एक इमारत, कमरों की एक कतार, एक कॉमन मेस और कपड़े धोने का लॉन्ड्री एरिया. लेकिन ज़रा सोचिए, एक ऐसा हॉस्टल जो 14 लाख स्क्वायर फीट में फैला हो, जहां साढ़े चार हजार से ज्यादा बिस्तर हों, आठ अलग-अलग पंख (विंग्स) हों, और जिसका खुद का एक पिन कोड हो!
सुनने में यह किसी छोटे-मोटे शहर जैसा लगता है, लेकिन अमेरिका के मैरीलैंड (अनापोलिस) स्थित यूएस नेवल एकेडमी का हॉस्टल बैंक्रॉफ्ट हॉल ठीक ऐसा ही है. यहां रहने वाले छात्र इसे प्यार से 'मदर बी' कहते हैं. इसे दुनिया का सबसे बड़ा सिंगल कॉलेज हॉस्टल माना जाता है.
कितना बड़ा है यह 'सुपर हॉस्टल'?
नेवी और मरीन कॉर्प्स के भावी अधिकारियों को तैयार करने वाले इस हॉस्टल के आंकड़े किसी का भी सिर घुमाने के लिए काफी हैं:
क्षेत्रफल: यह हॉस्टल करीब 14 लाख स्क्वायर फीट (33 एकड़) के विशाल इलाके में फैला हुआ है.
कमरे और बिस्तर: इसमें कुल 1,639 कमरे और 4,663 बिस्तर हैं.
रास्ते : हॉस्टल के भीतर गलियारों और रास्तों की कुल लंबाई 4.8 मील (लगभग 7.7 किलोमीटर) है.
खुद का पिन कोड: यहां रहने वाले कैडेट्स (मिडशिपमेन) की डाक और चिट्ठियां किसी आम पते पर नहीं, बल्कि इस इमारत के अपने ZIP Code '21412' पर आती हैं.
रातों-रात नहीं बना यह विशालकाय ढांचा
बैंक्रॉफ्ट हॉल का इतिहास एक सदी से भी ज्यादा पुराना है. इसे मशहूर आर्किटेक्ट अर्नेस्ट फ्लैग ने डिजाइन किया था. इसकी शुरुआत 1906 में हुई और 1908 में इसका मध्य हिस्सा और दो विंग बनकर तैयार हुए.
जैसे-जैसे एकेडमी में छात्रों की संख्या बढ़ी, इसका दायरा भी बढ़ता गया. 1918 से 1921 के बीच दो और विंग जुड़े, फिर 1941 और 1961 में इसका और विस्तार हुआ. आज इस विशाल हॉस्टल में कुल आठ बड़े विंग्स हैं. इस इमारत का नाम नेवी के पूर्व सेक्रेटरी जॉर्ज बैंक्रॉफ्ट के नाम पर रखा गया है, जिन्होंने इस नेवल एकेडमी की नींव रखी थी.
सिर्फ रहने की जगह नहीं, पूरा शहर है अंदर!
यूएस नेवल एकेडमी में पढ़ने वाले सभी कैडेट्स के लिए बैंक्रॉफ्ट हॉल में रहना अनिवार्य होता है. लेकिन यह सिर्फ सोने और पढ़ने की जगह नहीं है, बल्कि इसके भीतर जिंदगी की हर जरूरत का सामान मौजूद है.
हॉस्टल की हैंडबुक के मुताबिक, इसके अंदर ही मेडिकल और डेंटल क्लिनिक, जिम, पोस्ट ऑफिस, किताबों की दुकान, नाई और ब्यूटी शॉप, जूते ठीक करने वाले की दुकान (मोची), कपड़े धोने का लॉन्ड्री एरिया और यूनिफॉर्म स्टोर तक बने हुए हैं. यानी छात्रों को अपनी रोजमर्रा की जरूरतों के लिए हॉस्टल परिसर से बाहर कदम रखने की भी जरूरत नहीं पड़ती.
10 मिनट में 4500 लोगों को खाना: मेस का अद्भुत मैनेजमेंट
बैंक्रॉफ्ट हॉल के भीतर बनी मेस यानी 'किंग हॉल' का मैनेजमेंट देखकर कोई भी हैरान रह जाए. 1953 में बनी यह मेस एक बार में 4,500 लोगों को महज 10 मिनट के भीतर खाना परोस सकती है! यहां रोजाना तीनों वक्त मिलाकर कुल 13,500 से ज्यादा मील (खाना) तैयार और परोसे जाते हैं.
इसके अलावा, परिसर के भीतर 'मित्शर हॉल' है जिसमें एक बड़ा ऑडिटोरियम और प्रार्थना स्थल है. वहीं 'उरिया पी. लेवी सेंटर' में एक यहूदी प्रार्थना स्थल (सिनगॉग), कॉन्फ्रेंस रूम और छात्रों द्वारा संचालित ऑनर कोर्ट भी मौजूद है.
सख्त फौजी अनुशासन और अपने नियम
'मदर बी' में रहना किसी आम कॉलेज लाइफ जैसा बिल्कुल नहीं है. यहां फौजी अनुशासन कदम-कदम पर दिखता है. किस साल का छात्र कौन-सा दरवाजा या गलियारा इस्तेमाल करेगा, इसके सख्त नियम तय हैं. उदाहरण के तौर पर, फर्स्ट ईयर के छात्रों (जिन्हें 'प्लीब्स' कहा जाता है) पर सबसे कड़े प्रतिबंध होते हैं. वे हॉस्टल के मुख्य/सेंट्रल दरवाजों का इस्तेमाल सिर्फ किसी आधिकारिक या औपचारिक समारोह के वक्त ही कर सकते हैं, आम दिनों में नहीं.
सिर्फ बड़ा हॉस्टल नहीं, लीडरशिप की प्रयोगशाला
बैंक्रॉफ्ट हॉल की खासियत सिर्फ इसका विशाल आकार या 14 लाख स्क्वायर फीट का दायरा नहीं है. इसकी असली ताकत यह है कि यहां देश भर से आए हजारों युवा सिर्फ चार साल साथ नहीं रहते, बल्कि वे एक-दूसरे के साथ खाते, पढ़ते, ढलते और एक अनुशासित सैन्य समुदाय का हिस्सा बनना सीखते हैं. यह विशाल हॉस्टल सिर्फ सीमेंट और पत्थरों की इमारत नहीं, बल्कि अमेरिकी नौसेना के भविष्य को तराशने वाली एक अनोखी फैक्ट्री है.
आजतक एजुकेशन डेस्क