री-नीट यूजी 2026 की परीक्षा देशभर में 21 जून को आयोजित की गई थी जिसमें 22 लाख से अधिक छात्रों ने हिस्सा लिया. परीक्षा में किसी तरह की कोई गड़बड़ी या नकल न हो इसके लिए एजेंसी ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे. पेपर दोपहर 2 बजे से शाम 5.15 बजे तक चली. लेकिन पेपर खत्म होने के बाद जब छात्रों से बात की गई तो उन्होंने फिजिक्स के पेपर को टफ बताया जबकि बायोलॉजी और केमिस्ट्री को बैलेंस बताया. छात्रों का मानना है कि नीट का पेपर पहले के मुकाबले लंबा और कठिन था.
दिल्ली के छात्रों ने पेपर को बताया कठिन
दिल्ली में परीक्षा सेंटरों से री-नीट परीक्षा देने के बाद बाहर निकले छात्रों ने बताया कि परीक्षा का लेवल ठीक-ठाक था लेकिन फिजिक्स बेहद लंबा, समय लेने वाला और कठिन था. हालांकि, बायोलॉजी और केमिस्ट्री का स्तर ठीक था. चंडीगढ़, हैदराबाद और चेन्नई से भी इसी तरह की प्रतिक्रियाएं मिलीं, जहां छात्रों ने कहा कि प्रश्नपत्र में अधिक समझ की आवश्यकता थी.
पिछले साल कैसे पूछे गए थे सवाल?
बता दें कि पिछले साल फिजिक्स का पेपर सीधा था यानी कि जिन छात्रों को फॉर्मूले अच्छी तरह से याद थे वे आसानी से सवालों को सॉल्व कर पाए. पिछली साल की तुलना में इस बार फिजिक्स के पेपर ने छात्रों को परेशान किया.
केमिस्ट्री का हाल
पिछले साल ऑर्गेनिक और इनऑर्गेनिक केमिस्ट्री के बीच अच्छा संतुलन देखने को मिला था. हालांकि, इस बार के पेपर में भी कुछ खास बदलाव देखने को नहीं मिला. इनऑर्गेनिक के सवाल ज्यादातर NCERT पर आधारित थे.
बायोलॉजी का ऐसा रहा हाल
पिछली साल बायोलॉजी का पेपर NCERT के बेसिस पर ही था, जिसके कारण कई छात्रों ने अच्छे नंबर बटोरें थे. वहीं, इस साल की बात करें तो, इस साल भी पेपर में बड़े बदलाव देखने को नहीं मिले हैं. जिन लोगों ने NCERT अच्छे से पढ़ी होगी उनके लिए ये सेक्शन बेहद सिंपल था.
आजतक एजुकेशन डेस्क