पाकिस्तान के आंतरिक मामलों के मंत्री रहमान मलिक ने रविवार को कहा कि कराची में एक फैक्टरी में लगी आग के सिलसिले में किसी साजिश से इंकार नहीं किया जा सकता. अग्निकांड में 259 लोगों की मौत हो गई थी.
सूत्रों के अनुसार अग्निशमन दल के कर्मचारियों तथा घायलों के बयानों से मालूम होता है कि जिस समय यह घटना घटी, निकास द्वार बंद थे. इससे इस संदेह को बल मिलता है कि इसके पीछे किसी की साजिश हो सकती है. पाकिस्तान के विपक्षी दलों, मानवाधिकार तथा श्रम संगठनों ने मामले की न्यायिक जांच कराने की मांग की है.
दुर्घटनास्थल का रविवार को दौरा करने वाले मलिक ने कहा कि जांचकर्ता इसमें साजिश सहित सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि आतंकवादी कराची में शांति भंग करना चाहते हैं. हाल के महीनों में यहां राजनीतिक तथा विभिन्न सम्प्रदायों के लोगों पर हुए हमलों और बम विस्फोटों में सैकड़ों लोग मारे गए.
मलिक ने कहा कि जांचकर्ता घटना के पीछे इरादों और इसमें शामिल संदिग्ध लोगों के बारे में पता लगाएंगे. मंत्री ने कहा कि अग्निशमन दल के देर से पहुंचने की भी जांच की जाएगी. जो भी दोषी पाया जाता है, उसे कड़ी सजा दी जाएगी.