तैयारियों और सफाई पर सवाल के बाद अब राष्ट्रमंडल खेल आयोजकों को एक और शर्मनाक स्थिति का सामना करना पड़ा, जब खेलों के मुख्य आयोजन स्थल जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम के बाहर बन रहा एक फुट ओवरब्रिज गिर जाने से 27 व्यक्ति घायल हो गए.
सोमवार को स्टेडियम में बनाई जा रही एक छतरी गिरने के बाद मंगलवार को 95 मीटर लंबा ब्रिज ढह गया. घायलों में एक अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त और एक अन्य पुलिसकर्मी शामिल है. लोधी रोड इलाके की दूसरी तरफ पार्किंग क्षेत्र को जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम से जोड़ने के लिए बनाया जा रहा ब्रिज मंगलवार दिन में तीन बजकर दस मिनट पर ढह गया. उस समय ब्रिज पर निर्माण कार्य चल रहा था.
हादसे में 27 लोग घायल हुए, जिनमें पांच की हालत गंभीर बताई जाती है. हादसा जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम के बाहर हुआ है, जो राष्ट्रमंडल खेलों का मुख्य आयोजन स्थल है और जहां खेलों के उद्घाटन और समापन समारोह होने हैं. दिल्ली सरकार के सूत्रों ने बताया कि चंडीगढ़ स्थित पीएनआर इंफ्रा नामक कंपनी साढ़े दस करोड़ रुपये की लागत से एक अन्य ओवरब्रिज के साथ इस ओरवब्रिज का निर्माण कर रही थी. {mospagebreak}
लोनिवि ने हादसे की जांच के आदेश दिए हैं. दमकल विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मजदूर पुल के एक हिस्से पर कंक्रीट का मसाला डाल रहे थे, तभी पुल ढह गया. इस पूरे हादसे में सबसे दिलचस्प बात यह रही कि राष्ट्रमंडल खेलों पर बने मंत्री समूह के प्रमुख जयपाल रेड्डी ने बारिश को ब्रिज गिरने की वजह बताया. उन्होंने कहा, ‘पिछले 20 दिन से भारी बारिश हो रही है. मुझे ब्रिज के गिरने के बारे में तो ज्यादा जानकारी नहीं है, लेकिन इस बात का भरोसा है कि खेलों का आयोजन विश्वस्तरीय होगा.’
लोनिवि के मुख्य अभियंता राकेश मिश्रा की राय हालांकि इससे अलग है. उन्होंने कहा, ‘इसकी वजह बारिश नहीं है. कुछ गलत हुआ, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ. हम इसके तमाम पहलुओं पर विचार कर रहे हैं.’ इसे दुर्भाग्यपूर्ण घटना करार देते हुए मिश्रा ने कहा कि शायद ब्रिज के पिन में से एक गिर गया, जिससे यह ढह गया.
पुलिस उपायुक्त एचजीएस धालीवाल ने कहा कि ब्रिज ढहने के सिलसिले में दुर्घटना का मामला दर्ज किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि घायलों को सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया है. हादसे के फौरन बाद टूटे हुए ब्रिज के मलबे को हटाने के लिए क्रेनों को लगाया गया है. {mospagebreak}
मिश्रा ने स्वीकार किया कि यह हादसा एक ‘झटका’ है, लेकिन साथ ही विश्वास व्यक्त किया कि पुल का निर्माण तीन अक्तूबर को खेलों की शुरूआत से पहले पूरा हो जाएगा. उन्होंने बताया कि वजन को एकसार न रखने के कारण यह हादसा हुआ. उन्होंने कहा, ‘ढांचा ठीक है और हम (गिरे हुए) ढांचे को खेलों से पहले इस्तेमाल करने लायक बना देंगे. उन्होंने कहा कि एक अन्य ढांचा भी बनाया जा सकता है.
इस हादसे ने सरकार और राष्ट्रमंडल खेल आयोजन समिति की मुश्किलें बढ़ा दी हैं, जिसे आयोजन संबंधी तैयारियों के कारण राष्ट्रमंडल खेल फेडरेशन के सवालों से दो चार होना पड़ रहा है. सोमवार को भी स्टेडियम में बनाई जा रही एक छतरी गिर जाने से एक अधिकारी सहित दो पुलिकर्मी घायल हो गए थे.