ईरान और कंबोडिया के बीच गुरुवार को तेहरान के आजादी स्टेडियम में फीफा वर्ल्ड कप क्वालिफायर का मैच खेला गया. ईरान के लिए 10 अक्टूबर 2019 का दिन ऐतिहासिक रहा. ईरान ने इस दिन न सिर्फ कंबोडिया को 14-0 से मात देकर रिकॉर्ड-तोड़ जीत दर्ज की, बल्कि इस दौरान मैच को देखने के लिए आजादी स्टेडियम में 3,500 महिला फैंस मौजूद थीं.
इन महिला फैंस को मैच देखने के लिए अनुमति दी गई थी. बता दें कि इस्लामिक क्रांति के बाद से चार दशकों में पहली बार फीफा वर्ल्ड कप क्वालिफायर मैच देखने के लिए तेहरान स्टेडियम में 3,500 महिला फैंस मौजूद थीं.
ईरान में 40 साल पुराना कट्टरपंथी कानून खत्म हो गया है. ईरान में 1979 इस्लामिक क्रांति के बाद से महिलाओं पर स्टेडियम में जाकर मैच देखने पर बैन लगा था. तमाम विरोध के बाद गुरुवार को यह बैन खत्म हो गया. मैच में ईरान ने 14-0 से जीत दर्ज की.
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बता दें कि इससे पहले ईरान में कोई महिला स्टेडियम में घुसने पर बैन था. इतना ही नहीं अगर महिला ऐसा करती तो उसे छह महीने के जेल की सजा मिलती थी.
ईरान में 1979 की क्रांति के बाद से ही यहां की महिलाओं पर कई तरह के कड़े प्रतिबंध लगाए दिए गए. ईरान की महिलाएं बिना बुर्का के सड़क पर नहीं चल सकतीं. साथ ही उन्हें पुरुषों के साथ सड़क पर चलने पर भी मनाही थी.
40 साल बाद 10 अगस्त 2019 को फुटबॉल या दूसरे स्टेडियम में महिलाओं के प्रवेश पर रोक लगा रखी थी क्योंकि मौलवियों का मानना था कि महिलाओं को मर्दाना माहौल से दूर रहना चाहिए और पुरुषों को आधे कपड़ों में नहीं देखना चाहिए.