वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में चौके-छक्कों की बरसात के बीच रनों के अंबार देखने की आदत हम सबको लग चुकी है. लेकिन आने वाले समय में कुछ बदलाव देखने को मिलेंगे. पिछले कुछ समय से वनडे क्रिकेट बस बल्लेबाजों का खेल बनकर रह गया था ऐसे में ये बदलाव आने वाले समय में गेंदबाजों के लिए किसी जीवनदान से कम नहीं हैं.
इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल ने शुक्रवार को वनडे क्रिकेट के नियमों में तीन अहम बदलाव किए हैं साथ ही टी-20 इंटरनेशनल के भी एक नियम को बदला गया है. 5 जुलाई से नए नियम लागू हो जाएंगे. क्रिकेट भद्रजनों का खेल कहा जाता है और इसमें बल्लेबाज और गेंदबाज के बीच संतुलन बने रहना चाहिए लेकिन वनडे इंटरनेशनल के नियमों के चलते गेंदबाज काफी लाचार हो गए थे.
वनडे इंटरनेशनल में हुए ये बदलाव-
1- आईसीसी ने वनडे इंटरनेशनल से बैटिंग पावरप्ले का फंडा ही खत्म कर दिया है. अभी तक 15 से 40 ओवर के बीच में बल्लेबाजी करने वाली टीम पॉवरप्ले ले सकती थी. पांच ओवरों के पावरप्ले में फील्डिंग पाबंदियों के चलते बल्लेबाज जमकर रन बटोर सकते थे. बैटिंग पावरप्ले खत्म होने से गेंदबाज जरूर राहत की सांस लेंगे.
2- आईसीसी ने शुरुआती 10 ओवर (अनिवार्य पावरप्ले) में कैचिंग पोजिशन में अनिवार्य फील्डरों के रखे जाने के नियम को भी हटाने का फैसला कर लिया है. इस नियम में बदलाव के बाद गेंदबाजी करने वाली टीम अपने हिसाब से फील्ड सेट कर सकेगी. फील्ड सेटेलमेंट के लिए गेंदबाज और कप्तान के ऊपर अतिरिक्त दबाव खत्म हो जाएगा.
3- इसके अलावा एक और बड़ा बदलाव ये होगा कि 30 गज के सर्किल के बाहर आखिरी के 10 ओवरों में 4 की जगह पांच फील्डरों को लगाया जा सकेगा. अब आखिरी के ओवरों में बल्लेबाजों के लिए रन बटोरना पहले जितना आसान नहीं होगा.
टी-20 में नो बॉल का नया नियम
वनडे के अलावा टी-20 इंटरनेशनल का भी एक नियम बदला गया है. अब बल्लेबाज को हर तरह की नो बॉल पर फ्री हिट मिलेगी. इससे पहले गेंदबाजों के क्रीज के बाहर पैर होने वाली नो बॉल पर ही बल्लेबाजों को फ्री हिट मिलती थी. टी-20 में यह नियम बल्लेबाजों के लिए एक नई खुशखबरी लेकर आया है.
जरूरी थे 'ये' बदलाव
वनडे क्रिकेट में गेंदबाजों के लिए ये बदलाव बहुत जरूरी थे. टी-20 फॉर्मेट आने के बाद से ही क्रिकेट में बहुत बदलाव आया है. क्रिकेट पूरी तरह से बल्लेबाजों का खेल बनता जा रहा था. 300 से ऊपर का स्कोर बहुत आम बात हो चुकी थी और 400 से ज्यादा का स्कोर भी अब सुरक्षित नहीं रह गया था. नए नियम 5 जुलाई से लागू हो जाएंगे और देखना होगा इससे गेंदबाजों को कितनी मदद मिलती है. पूरी तरह से बल्लेबाजों का खेल बनते जा रहे वनडे इंटरनेशनल मैच में एक बार फिर गेंदबाजों के लिए नई संभावनाएं नजर आएंगी.