1998 में मणिपुर के बॉक्सर डिंगको सिंह ने एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीता था. इससे मेरी कॉम को बहुत प्रेरणा मिली. मेरीकॉम ने जब बॉक्सिंग शुरू की थी, तो उन्हें अपने घर से समर्थन नहीं मिला था. घर वाले मेरीकॉम के बॉक्सिंग के खिलाफ थे, लेकिन कड़ी मेहनत और लगन ने उनके घर वालों को भी मना लिया.