टीम इंडिया के कोच रवि शास्त्री ने कहा कि वह वर्ल्ड कप के लिए 15 खिलाड़ियों की अनिवार्य सूची के बजाय 16 सदस्यीय टीम पसंद करते. ऋषभ पंत, अंबति रायडू जैसे खिलाड़ियों को टीम में शामिल नहीं किए जाने पर उन्होंने कहा कि जो वर्ल्ड कप की टीम में जगह नहीं बना सके, उन्हें निराश होने की जरूरत नहीं है.
भारत ने 30 मई से इंग्लैंड में शुरू होने वाले विश्व कप के लिये सोमवार को 15 सदस्यीय टीम की घोषणा की और चयनकर्ताओं द्वारा युवा विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत और अनुभवी अम्बाती रायुडू को नहीं चुने जाने से बहस का सिलसिला शुरू हो गया. शास्त्री ने एक इंटरव्यू में कहा, 'मैं चयन के मामलों में शामिल नहीं होना चाहता. अगर हमारी कोई राय होती है तो, हम इसे कप्तान को बताते हैं.'
उन्होंने कहा, 'जब आपको 15 खिलाड़ियों का ही चयन करना है तो ऐसा होना लाजमी ही है कि किसी न किसी को बाहर करना पड़ेगा जो काफी दुर्भाग्यपूर्ण है. मैं 16 खिलाड़ियों को शामिल करना चाहता था. हमने आईसीसी को भी इसका जिक्र किया था जब एक टूर्नामेंट इतना लंबा हो तो 16 खिलाड़ियों को रखना सही होगा. लेकिन आदेश 15 खिलाड़ियों का ही था.'
बचे खिलाड़ियों को भी मिल सकता है मौका
शास्त्री ने कहा कि जो 15 खिलाड़ियों की सूची में जगह नहीं बना सके, उन्हें आगे देखना चाहिए क्योंकि मौका कभी भी मिल सकता है. उन्होंने कहा, 'जो इसमें जगह नहीं बना सके, उन्हें निराश होने की जरूरत नहीं है. यह काफी अजीब सा खेल है. इसमें चोटें लग सकती हैं. इसलिये आपको नहीं पता कि आपको भी बुलावा मिल सकता है.'
जब विजय शंकर के चौथे स्थान के लिये पूछा गया जबकि कप्तान विराट कोहली ने कुछ महीने पहले ही रायुडू को इस स्थान के लिये दौड़ में सबसे आगे बताया था तो शास्त्री ने कहा कि यह स्थान हमेशा ही लचीलापन लिये होता है. उन्होंने कहा, 'परिस्थितियों और प्रतिद्वंद्वी को देखते हुए चौथे नंबर का स्थान पूरी तरह से लचीला है. मैं कहूंगा कि शीर्ष तीन...के बाद आप बहुत ही लचीले हो सकते हो.'
5 वर्षों में भारत ने किया बेहतर प्रदर्शन
शास्त्री ने उन आलोचनाओं को भी खारिज कर दिया जिनमें कहा जा रहा था कि भारत कोहली पर अति निर्भर दिखता है. उन्होंने कहा, 'अगर आप पिछले 5 वर्षों को देखो तो जिस तरह से भारतीय टीम ने प्रदर्शन किया है, वह हमेशा ही शीर्ष दो या तीन में रही है. जब टीम लगातार पांच वर्षों तक शीर्ष दो या तीन में बने रहती है और टेस्ट में नंबर एक तथा फिर टी20 क्रिकेट में शीर्ष तीन में रहती है तो आप किसी एक खिलाड़ी पर निर्भर नहीं हो सकते.'
उन्होंने कहा, 'जब आपका रिकार्ड इतना निरंतर है तो आपके खिलाड़ियों के हर समय प्रदर्शन करने की जरूरत होती है. इसका श्रेय टीम को जाता है.' इंग्लैंड में होने वाले विश्व कप के बारे में बात करते हुए शास्त्री ने इंग्लैंड को प्रबल दावेदार बताया.
उन्होंने कहा, 'इंग्लैंड पिछले दो वर्षों से लगातार प्रदर्शन करने वाली टीम रही है. उनके पास बहु आयामी प्रतिभा वाले खिलाड़ी हैं. उनके पास गेंदबाजी और बल्लेबाजी में गहराई है. और वे अपने घरेलू मैदान पर खेल रहे हैं. इसलिये वे प्रबल दावेदार के रूप में शुरूआत करेंगे.'
उन्होंने कहा, 'लेकिन ऐसी कई टीमें हैं जो किसी भी दिन किसी भी टीम को हराने का माद्दा रखती हैं. विश्व कप जैसे टूर्नामेंट में आपको अपने हर मैच में अपने खेल में शीर्ष पर होना होगा.'