ऑस्ट्रेलिया के कोच जस्टिन लैंगर ने कहा है कि वर्ल्ड कप के दौरान इंग्लैंड की सपाट पिचों और तेज आउटफील्ड पर अच्छे प्रदर्शन के लिए गेंदबाजों को चमड़ी मोटी करनी होगी. हाल ही में इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच वनडे सीरीज में लगभग हर मैच में 350 का स्कोर बना.
लैंगर ने कहा कि गेंदबाजों को बड़ा स्कोर बनने से रोकने की जिम्मेदारी लेनी होगी. उन्होंने कहा,‘आजकल सफेद गेंद से क्रिकेट में बल्लेबाजी को लेकर काफी बात हो रही है. हमारी गेंदबाजी टी-20 और वनडे क्रिकेट में शानदार है. अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में आपको चमड़ी मोटी रखनी होगी , खासकर सपाट पिचों और तेज आउटफील्ड पर.’
Australia had their first hit-out on English soil where Steve Smith and David Warner showed improvement with their recent elbow injuries as a lucky fan got to mix it with the players #CWC19 pic.twitter.com/fSfz0iEwG4
— cricket.com.au (@cricketcomau) May 19, 2019
लैंगर ने वर्ल्ड कप टीम से जोश हेजलवुड को बाहर रखने के फैसले का भी बचाव करते हुए कहा कि उन्होंने हाल ही में ज्यादा वनडे क्रिकेट नहीं खेला है. पांच बार की चैम्पियन ऑस्ट्रेलियाई टीम तीन अभ्यास मैच खेलेगी. पहला मैच वेस्टइंडीज के खिलाफ बुधवार को है जो आधिकारिक मैच नहीं होगा.
आखिरी अभ्यास मैच में उसे श्रीलंका से खेलना है, जबकि इससे पहले इंग्लैंड से एक अभ्यास मैच होगा. वर्ल्ड कप में उसका पहला मुकाबला अफगानिस्तान से है. लैंगर ने कहा कि विश्व कप से पहले अभ्यास मैच अहम होंगे.
उन्होंने कहा,‘हमने सत्र के आखिर में पाकिस्तान के खिलाफ अच्छा खेला. अब हमें फिर से उसी लय को हासिल करना है. इसके लिए तीन अभ्यास मैच काफी अहम होंगे.’