इंडिया टुडे कॉन्क्लेव (India Today Conclave) में मिलेट्स यानी मोटे अनाज की आज के समय में उपयोगिता को लेकर खास चर्चा की गई. इस चर्चा में पद्मश्री सम्मानित मिलेट मैन ऑफ इंडिया डॉ. खादर वली, आईटीसी ग्रुप की कॉरपोरेट एग्जीक्यूटिव शेफ मनीषा भसीन, प्रसिद्ध फिटनेस कोच रक्षा लुल्ला शामिल हुईं. मिलेट मैन ऑफ इंडिया डॉ. खादर वली ने कार्यक्रम में कहा कि आने वाला समय मोटे अनाज का है. अगर इंसान मोटे अनाज का सेवन करे तो वह कभी बीमार नहीं होगी.
चर्चा को शुरू करते हुए डॉ. खादर ने कहा कि अगर आपका खाना ठीक है तो दवाई की जरूरत नहीं होती है, लेकिन अगर खाना खराब है तो दवा का कुछ असर नहीं होता है. ऐसे में अगर आप बीमारी से बचना चाहते हैं तो मिलेट्स यानी मोटे अनाज को अपनी डाइट में शामिल कर लीजिए.
मिलेट मैन ने कहा कि बेशक अब मोटा अनाज फूड कॉरपोरेशन की वजह से गेहूं-चावल के मुकाबले काफी पीछे हो गया है, लेकिन आज भी लोगों के लिए यही खाना ठीक है. हजारों साल मोटे अनाज ने ही लोगों का पेट भरा है. उन्होंने कहा कि पिछले 100 सालों में मोटे अनाज को लेकर काफी भ्रम फैलाया गया. मिलेट मैन ने आगे कहा कि लेकिन अब आने वाली सदी मोटे अनाज की होगी. मोटा अनाज ही है जो पृथ्वी की सभी परेशानियां दूर कर सकता है.
वहीं डॉ. खादर ने कहा कि हम जो खाना खाते हैं, उससे ब्लड में ग्लूकोस का स्तर असंतुलित होता है. इससे लोग बीमार पड़ते हैं. लेकिन अगर हम मोटे अनाज का सेवन करते हैं तो इस सबसे बचा जा सकता है. अगर आप मिलट का सेवन करते हैं तो आपको कभी दवा की जरूरत नहीं पड़ती है.
वहीं मिलेट मैन ने कहा कि मोटा अनाज सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में हर जगह मौजूद है. हर देश में इसे अलग-अलग नाम से जाना जाता है. आजतक पूरे विश्व में लोग 200 तरह के अलग-अलग मोटे अनाज का सेवन कर चुके हैं.
कई चीजों में फायदेमंद है मोटे अनाज का सेवन
दूसरी ओर, चर्चा में शामिल फड एंड फिटनेस कोच रक्षा लुल्ला ने भी मोटे अनाज के सेवन के फायदे गिनवाएं. उन्होंने कहा कि मोटा अनाज प्राचीन खाद्य है. इसमें विटामिंस, जिंक, बीटाकैरोटीन, मैग्नीशियम जैसी कई चीजें होती हैं. उन्होंने कहा कि मोटे अनाज का सेवन आपके लिए फायदेमंद है. यह ब्लड शुगर को कंट्रोल रखता है. मोटापा कम करता है ब्लड प्रेशर में फायदेमंद है.
रक्षा ने आगे कहा कि मोटे अनाज के सेवन के लिए उसे पहले कुछ समय के लिए भिगो लेना बेहतर होता है. इस प्रक्रिया के लिए 4-6 घंटे काफी हैं. स्वाद बढ़ाने के लिए मोटे अनाज का सेवन दही, चटनी के साथ भी किया जा सकता है.
रक्षा ने आगे कहा कि इंसान को दिन में एक बार कम से कम मोटे अनाज का सेवन करना चाहिए. वहीं दिन में चावल और रोटी को भी डाइट में एक समय रखना चाहिए. यह भी जरूरी है.
क्या बोलीं मशहूर शेफ मनीषा भसीन
वहीं चर्चा में शामिल आईटीसी की कॉरपोरेट एक्जीक्युटिव शेफ मनीषा भसीन ने बताया कि कैसे उन्होंने जी-20 के लिए आए विदेशी मेहमानों के खाने में मोटे अनाज की नई-नई डिशेज को शामिल किया था, जो काफी टेस्टी भी रहीं. मनीषा ने बताया कि उन्होंने जी-20 में मेहमानों के लिए एक 'पत्रम' नाम से फूड स्टार्टर भी तैयार किया. इस डिश में उन्होंने मेहमानों तो मोटे अनाज से बनी पपड़ी को चटनी और योगर्ट के साथ सर्व किया.
शेफ मनीषा ने यह भी कहा कि मोटे अनाज का सेवन करने के लिए अगर आप कोई डिश बनाना चाहते हैं तो जरूरी नहीं कि पूरी तरह उसमें मोटा अनाज ही शामिल किया जाए. आप 50 फीसदी मोटे अनाज के साथ अन्य खाद्य चीजों को शामिल करके कुछ अच्छा खाना बना सकते हैं.