उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में रविवार को बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) की अहम बैठक हुई जिसमें कई अहम बदलाव किए गए. बीएसपी में संगठनिक स्तर पर कई बदलाव हुए हैं. बसपा सुप्रीमो मायावती के भाई आनंद कुमार को एक बार फिर पार्टी का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है. वहीं मायावती के भतीजे आकाश आनंद को राष्ट्रीय समन्वयक की जिम्मेदारी दी गई है. साथ ही पार्टी में राष्ट्रीय स्तर पर दो समन्वयक बनाए गए हैं. मौजूदा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामजी गौतम अब राष्ट्रीय समन्वयक की जिम्मेदारी संभालेंगे. दानिश अली को लोकसभा में बीएसपी का नेता बनाया गया है.
Danish Ali has been elected as the leader of BSP in Lok Sabha. Anand Kumar appointed as the Vice President of the party. Akash Anand and Ramji Gautam to be the National Coordinator of BSP. pic.twitter.com/s5FvENI98u
— ANI (@ANI) June 23, 2019
इसके साथ ही जौनपुर से सांसद श्याम सिंह यादव लोकसभा में बीएसपी के उपनेता होंगे. जबकि पार्टी के वरिष्ठ नेता सतीश चंद्र मिश्र राज्यसभा में बीएसपी के नेता होंगे. रविवार की बैठक में बीएसपी के तमाम नेताओं को बुलाया गया था. नेताओं के साथ बैठक में पार्टी प्रमुख मायावती ने इन पदों पर फैसले लिए.
लोकसभा चुनाव में संतोषजनक सीटें न मिलने से मायावती खफा बताई जा रही हैं और इसी को देखते हुए वे अपनी पार्टी में बड़े बदलाव कर रही हैं. इससे पहले जून के शुरुआती दिन में दिल्ली में हुई एक बैठक में बड़ी कार्रवाई करते हुए उन्होंने छह राज्यों के लोकसभा चुनाव प्रभारियों की छुट्टी कर दी थी. इसके साथ ही तीन राज्यों के प्रदेश अध्यक्षों को भी उनके पद से बेदखल कर दिया था. मायावती के निशाने पर प्रदेश के 40 समन्वयक और जोनल समन्वयक हैं, जिनपर कार्रवाई हो रही है.
गौरतलब है कि 2012 के यूपी विधानसभा चुनाव से बीएसपी का ग्राफ लगातार गिरता जा रहा है. हालत यह हो गई कि 2014 के लोकसभा चुनाव में बीएसपी खाता भी नहीं खोल सकी थी. इसके बाद 2017 के विधानसभा चुनाव में बीएसपी महज 19 सीटें ही जीत सकी थी. इस बार के लोकसभा चुनाव में सपा से गठबंधन के बावजूद बीएसपी मात्र 10 सीटें ही जीत सकी. बीएसपी अब लोकसभा चुनाव के दौरान पार्टी विरोधी काम करने वालों के खिलाफ एक्शन मोड में आ गई है. पार्टी प्रमुख मायावती ने ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है.