टीम इंडिया के वनडे और टी20 कैप्टन महेंद्र सिंह धोनी के भाई नरेंद्र सिंह धोनी इन दिनों लगातार चर्चा में बने हैं. धोनी पर बनी फिल्म एमएस धोनी द अनटोल्ड स्टोरी में उन्हें न दिखाए जाने के कारण वे अपने फेसबुक पेज पर लगातार निराशाजनक और शिकायती लहजे में पोस्ट कर रहे हैं. इन पोस्टों पर उनके चाहने वाले भी लगातार उनसे हमदर्दी दिखाते हुए कमेंट्स कर रहे हैं. इसी कड़ी में हाल ही में उन्होंने अपने फेसबुक पर सीमेंट और बालू से कुछ ईंटों को जोड़ते हुए अपनी फोटो लगाई है.
धोनी के बड़े भाई नरेंद्र सिंह धोनी इनदिनों किस कदर निराश हैं इसका अंदाजा उनकी FB पोस्ट को देखकर लगाया जा सकता है. हाल ही में उन्होंने अपने फेसबुक पर सीमेंट और बालू से कुछ ईंटों को जोड़ते हुए अपनी फोटो लगाई है. उसपर शायरी लिखी है कि वो आये मेरी कब्र पर और कब्र खोद कर चले गए. मेरे जीते जी कहते थे, लगाऊंगा लेप चंदन का, तेरे जख्मों पे, यारों वक्त ऐसा भी आया, कि वो लगा गए नमक और मिर्च मेरे जख्मों पे.'
एक और पोस्ट में उन्होंने लिखा है कि कभी बहार बनके मेरे चमन में ना आना, क्योंकि बहारों ने ही मेरा चमन लूटा है, उदास तो हम अब भी रहते हैं, जब से बहारों का साथ छूटा है. दरअसल हाल ही में रिलीज हुई धोनी पर बनी बायोपिक फिल्म में उनको पूरी तरह से नजर अंदाज करने के बाद से उनके FB पर ऐसे कई निराशाजनक पोस्ट आए हैं. इस फिल्म में धोनी की बड़ी बहन और जीजाजी का जिक्र तो बड़े जोरशोर से हुआ लेकिन नरेंद्र का जिक्र सिरे से नदारद है.
नरेंद्र सिंह धोनी पहले बिज़नेस से जुड़े थे. सफलता नहीं मिलने पर उन्होंने समाजवादी पार्टी ज्वाइन कर ली और इस सिलसिले में चुनाव प्रचार के लिए बिहार भी गए थे. वैसे नरेंद्र सिंह धोनी इससे पहले भी रांची में हुए क्रिकेट मैचों में लाइन में खड़े होकर टिकटें खरीद कर सुर्खियां बटोर चुके हैं. इन मैचों में धोनी ने बतौर कप्तान शिरकत की थी. ऐसे में इतने बड़े कैनवास पर बनी फिल्म में नरेंद्र का जिक्र तक नहीं आना यह साबित करता है कि अंदरखाने में कुछ तो गड़बड़ है.