पंजाब निकाय चुनावों में कांग्रेस पार्टी की जबरदस्त जीत हुई है. यहां नगर निगम हो या नगर पंचायत हर जगह कांग्रेस ने विरोधियों का सफाया कर दिया है. इन सभी में सबसे खास बठिंडा नगर निगम रहा है. यहां पर 53 साल के बाद कांग्रेस पार्टी को जीत मिली है और अब कांग्रेस का मेयर यहां पर बनेगा.
बठिंडा अकाली दल का गढ़ रहा है और दशकों से यहां का निगम उन्हीं के कब्जे में था. अब इस बार के निकाय चुनाव में बठिंडा की कुल 50 सीटों में से 43 पर कांग्रेस पार्टी ने जीत हासिल की है. बठिंडा से अकाली दल की हरसिमरत कौर बादल लोकसभा सांसद हैं.
पंजाब की अमरिंदर सरकार में मंत्री मनप्रीत सिंह बादल ने भी बठिंडा में हुई पार्टी की ऐतिहासिक जीत पर ट्वीट किया और खुशी जाहिर की. मनप्रीत सिंह बादल ने ट्वीट किया कि आज इतिहास बन गया है, बठिंडा को 53 साल में पहली बार कांग्रेस का मेयर मिलेगा. सभी का शुक्रिया.
Thank you to all contestants who kept the flame of democracy bright and burning.
— Manpreet Singh Badal (@MSBADAL)
We stand committed in working together for the development of Bathinda and ensuring a better future for our residents.
अकाली दल का हुआ था जमकर विरोध
आपको बता दें कि केंद्र सरकार द्वारा जो कृषि कानून पारित किए गए, उनका सबसे बड़ा असर पंजाब में देखने को मिला. किसानों का जो आंदोलन आज जारी है, उसकी शुरुआत पंजाब से ही हुई थी. साथ ही अकाली दल को शुरुआत से ही पंजाब में विरोध का सामना करना पड़ा है.
जब केंद्र सरकार ने कृषि कानूनों को पास कर दिया और पंजाब में अकाली दल के खिलाफ गुस्सा बढ़ने लगा, तब जाकर अकाली दल ने पहले केंद्र सरकार का साथ छोड़ा और फिर एनडीए का भी साथ छोड़ दिया. लेकिन चुनावों में अकाली दल को मात मिली है.
दूसरी ओर गुरदासपुर में भी कांग्रेस पार्टी का परचम लहराया है. यहां पर कुल 29 वार्ड हैं, जिनमें से सभी पर कांग्रेस की जीत हुई है. अकाली दल हो या फिर बीजेपी, किसी का खाता नहीं खुल सका है. गुरदासपुर से बीजेपी के सनी देओल सांसद हैं, जिन्हें कई बार विरोध का सामना करना पड़ा है.