आरुषि-हेमराज हत्याकांड मामले में बचाव पक्ष के गवाह के तौर पर लंदन से आए फोरेंसिक एक्सपर्ट डॉ आन्द्रे ने गाजियाबाद की सीबीआई कोर्ट में गवाही दी. उन्होंने सीबीआई की तरफ से सेंट्रल फोरेंसिक लैब के डॉ. महापात्रा की रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनकी जांच में कई खामियां हैं.
महापात्रा ने डीएनए सैंपल का मिक्स्ड प्रोफाइल नहीं किया जो उनकी काबलियत पर सवाल खड़े करता है. आज भी डॉ. आंद्रे की गवाही कोर्ट में जारी रहेगी. सीबीआई कोर्ट बचाव पक्ष की डॉ आंद्रे को दोबारा बुलाने की अर्जी पर भी सुनवाई करेगा.
ड़ॉ आन्द्रे के मुताबिक किसी भी फॉरेंसिक एक्सपर्ट को डीएनए सैंपल की जांच के बाद आरपीएम यानी रैंडम मैच प्रोबाबैलिटी देना चाहिये. इसके बाद ही कोर्ट में गवाही देना चाहिए, लेकिन महापात्रा ने डीएनए सैंपल का मिक्स्ड प्रोफाइल नहीं किया, जो उनकी काबलियत पर सवाल खड़े करता है.