बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने बुधवार को रायपुर एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री रमन सिंह और उनके मंत्रियों से मुलाकात की. एयरपोर्ट के वीआईपी लाउंज में अमित शाह और रमन सिंह की बातचीत हुई. यहां अमित शाह के लिए खाने-पीने की व्यवस्था भी की गई थी. कुछ देर रायपुर एयरपोर्ट पर रुकने के बाद शाह उड़ीसा के भुवनेश्वर के लिए निकल गए. हालांकि, वह यहां पर मीटिंग नहीं ले सके.
अमित शाह के एयरपोर्ट पहुंचने से पहले काफी गहमागहमी का माहौल देखने को मिला. दरअसल, दिल्ली में बीजेपी के एक राष्ट्रीय प्रवक्ता ने अमित शाह के उड़ीसा दौरे की जानकारी पत्रकारों को देते हुए यह भी बता दिया कि भुवनेश्वर पंहुचने से पहले शाह रायपुर एयरपोर्ट में करीब दो घंटा रुकेंगे. यहां अमित शाह बैठक करेंगे. इस बयान के बाद छत्तीसगढ़ की राजनीति गरमा गई.
इसके बाद अमित शाह के रायपुर एयरपोर्ट पर पहुंचने से पहले ही कांग्रेस के कई नेताओं ने DGCA और रायपुर एयरपोर्ट के डायरेक्टर को लिखित शिकायत कर दी. शिकायत में कहा गया कि एयरपोर्ट किसी पार्टी की मीटिंग लेने का स्थान नहीं है. ना ही ऐसा कोई नियम है कि एयरपोर्ट पर कोई नेता अपनी पार्टी की बैठक करे.
इसपर DGCA के वरिष्ठ अफसरों ने मामले को गंभीरता से लिया और इस दौरे को लेकर इंटर ऑफिस दिशा निर्देश जारी किए. उधर छत्तीसगढ़ में प्रदेश बीजेपी प्रवक्ता को यह बयान जारी करना पड़ा कि अमित शाह उड़ीसा जाने के लिए अल्प प्रवास पर रायपुर पहुंच रहे हैं. यहां उनका कार्यकर्ताओं के साथ मीटिंग लेने का कोई कार्यक्रम नहीं है. लिहाजा किसी को आपत्ति नहीं होनी चाहिए.
बहरहाल अमित शाह रायपुर एयरपोर्ट पहुंचे और उनका स्वागत भी हुआ, लेकिन वो कोई मीटिंग न ले सके. इन तमाम कवायद के बीच कांग्रेसी नेता और कार्यकर्ता अपनी पीठ थपथपाते रहे. उन्हें इस बात की खुशी थी कि उन्होंने सिर्फ अमित शाह ही नहीं बल्कि राज्य के बीजेपी नेताओं के अरमानों पर पानी फेर दिया.