सोशल मीडिया पर सड़क पर घुटने टेक कर प्रार्थना करती भीड़ का एक वीडियो वायरल हो रहा है. वीडियो के साथ दावा किया जा रहा है कि यह इटली का वीडियो है जहां लोग सड़कों पर आ गए हैं और प्रधानमंत्री ने घोषणा की है कि हमारा नियंत्रण खत्म हो गया है, अब यीशु ही हमारी रक्षा करें. वीडियो को कोरोना वायरस के साथ जोड़ कर शेयर किया जा रहा है.

इंडिया टुडे के एंटी फेक न्यूज वॉर रूम (AFWA) ने पड़ताल में पाया कि वायरल हो रहा वीडियो इटली नहीं, बल्कि दक्षिण अमेरिकी देश पेरू का है. वीडियो दिसंबर, 2019 में शूट किया गया था और वहां इसी साल जनवरी में हुए आम चुनाव से संबंधित है. इसका कोरोना वायरस से कोई लेना-देना नहीं है.
हमें यूट्यूब पर कई चैनल्स पर यह वीडियो मिला, जिनमें से एक वीडियो में कमेंट्स में लोगों ने इसे पेरू का बताते हुए यूट्यूब का ही एक और लिंक शेयर किया, जिसके टाइटल में स्पेनिश भाषा में लिखा गया है- 'प्लाजा सेन मार्टिन पर पेरू के लिए प्रार्थना करते लोग'. यह वीडियो 7 दिसंबर, 2019 को अपलोड किया गया था.
इसके बाद हमने यही स्पेनिश टाइटल "Vigilia Unida en La Plaza San Martín "Orando Por El Perú" (2019)" लिखकर इंटरनेट पर सर्च किया तो हमें वायरल हो रहा वीडियो फेसबुक यूजर Alejandro Muñante के टाइमलाइन पर मिल गया. Alejandro Muñante 7 दिसंबर, 2019 को फेसबुक पर लाइव थे.
अलजेंड्रो के फेसबुक अकाउंट के अनुसार, वे नेता हैं और उनके ब्लॉग प्रोफाइल के अनुसार वे पेरू के ही रहने वाले हैं.
हमने इंटरनेट पर Plaza San Martin Lima की तस्वीरें सर्च कीं, यह तस्वीरें वायरल वीडियो में नजर आ रहे मॉन्यूमेंट से हूबहू मेल खाती हैं.

पड़ताल में साफ हुआ कि वायरल वीडियो इटली का नहीं, बल्कि पेरू का है और इसका कोरोना वायरस से कोई लेना देना नहीं है.